आचार संहिता के शत-प्रतिशत पालन को लेकर जालौन प्रशासन हुआ सख्त
जालौन। उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर लागू की गयी आचार संहिता के शत-प्रतिशत पालन को लेकर प्रशासन ने कड़ा रवैया अपनाया है। साथ ही और किसी तरह की ढील नहीं दिये जाने के स्पष्ट निर्देश दिये हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी सह जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन और पुलिस अधीक्षक रवि कुमार विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2022 …
जालौन। उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर लागू की गयी आचार संहिता के शत-प्रतिशत पालन को लेकर प्रशासन ने कड़ा रवैया अपनाया है। साथ ही और किसी तरह की ढील नहीं दिये जाने के स्पष्ट निर्देश दिये हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी सह जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन और पुलिस अधीक्षक रवि कुमार विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2022 को देखते हुए मंगलवार को सभी राजनीतिक दलों के जिला निर्वाचन अधिकारी की ओर से राजनीतिक दलों को आचार संहिता की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों से कहा कि आचार संहिता का शत-प्रतिशत पालन करें।
वहीं, उल्लंघन करने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही डोर टू डोर कैंपेन के लिए पांच व्यक्ति की ही अनुमति है। वहीं, चुनाव के दौरान सभी राजनीतिक दल समय-समय पर शासन की तरफ से जारी कोविड-19 प्रोटोकॉल का अनुपालन करें। रैली या सभा आदि के संबंध में अनुमति के लिए ऑनलाइन आवेदन करें। नामांकन पत्र डाउनलोड करने और फीस जमा करने के लिए भारत निर्वाचन आयोग की ओर से जारी सुविधा एप का उपयोग करें। नामांकन के समय केवल दो व्यक्ति ही नामांकन में आने की अनुमति है दो से अधिक व्यक्ति न आए।
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निर्वाचन आयोग के आदेश का अनुपालन में चुनाव के दौरान प्रचार प्रसार के लिए मस्जिदों, गिरिजाघरों, मंदिरों या अन्य पूजा स्थलों का प्रयोग निर्वाचन अभियान के मंच के रूप में नहीं किया जाएगा। वहीं, मतदाताओं को रिश्वत देना मतदाताओं को डराना, धमकाना मतदान केंद्रों से 100 मीटर के भीतर मत देने की संयाचना करना, मतदान की समाप्ति के लिए नियत समय पर समाप्त होने वाली 48 घंटों की अवधि के दौरान सार्वजनिक सभाएं करना और मतदाताओं को सवारी से मतदान केंद्र तक ले जाना और वहां से वापस लाना पूर्णतया प्रतिबंधित है।
पुलिस अधीक्षक रवि कुमार ने बताया कि जिला प्रशासन निर्वाचन आयोग के मंशानुरूप निर्वाचन कराने के लिए प्रतिबद्ध है। इसलिए सभी राजनीतिक दल शत-प्रतिशत आदर्श आचार संहिता का पालन कराएं और निर्वाचन को निष्पक्ष शांतिपूर्ण एवं भयमुक्त वातावरण कराने में अपना सहयोग दें। यदि किसी भी व्यक्ति की ओर से आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन करते हुए पाया गया तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
