यूक्रेन से सुरक्षित मुरादाबाद लौटे इमरान, बोले -थैंक यू मोदी जी- योगी जी
मुरादाबाद,अमृत विचार। यूक्रेन में फंसे मेडिकल छात्रों के घर लौटने का सिलसिला शुरू है। सोमवार को देश वापसी करने वाले छात्रों की संख्या आठ पहुंच गई। जिन घरों में बच्चे सकुशल लौट आए हैं, वहां खुशी है। जो छात्र- छात्राएं वहां से आने वाले हैं, उनके घरों में बेटे- बेटियों का इंतजार है। सकुशल घर …
मुरादाबाद,अमृत विचार। यूक्रेन में फंसे मेडिकल छात्रों के घर लौटने का सिलसिला शुरू है। सोमवार को देश वापसी करने वाले छात्रों की संख्या आठ पहुंच गई। जिन घरों में बच्चे सकुशल लौट आए हैं, वहां खुशी है। जो छात्र- छात्राएं वहां से आने वाले हैं, उनके घरों में बेटे- बेटियों का इंतजार है। सकुशल घर आए लोग बोल रहे हैं थैंक्यू मोदी जी- योगी जी। भोजपुर के गोदी निवासी इमरान अली कहते हैं कि वहां फंसे लोगों को नया जन्म मिल रहा है। इमरान कहते हें थैंक्यू मोदी जी योगी जी। मेरा एक रुपया भी खर्च नहीं हुआ। यूक्रेन के उजग्रोज मेडिकल विश्व विद्यालय में एमबीबीएस प्रथम वर्ष के विद्यार्थी इमरान अली घर लौट आए हैं। सुबह नींद खुलने के बाद इमरान ने खुदा की इबादत की और उसके बाद सरकार के प्रयासों की तारीफ में दिन गुजार दिया। पांच माह पहले ही इमरान अली यूक्रेन गए थे।
अमृत विचार से चर्चा में इमरान 24 फरवरी के ब्लास्ट से बात शुरू करते हैं। कहते हैं कि उस रोज तड़के चार बजे तेज की आवाज सुनी गई। कीव की उस आवाज से हास्टल में हम सभी डर गए। उसके बाद 36 घंटे का समय बहुत ही तनाव में कटा। वहां के हालात पूछने पर चुप्पी साध लेते हैं। यह कहते है कि हंगरी एयर पोर्ट से हम महज सात घंटे के सफर में दिल्ली पहुंच गए। कहते हैं कि देश वापसी में में हंगरी सरकार ने बहुत मदद की है। यूक्रेन से हंगरी एयरपोर्ट तक आने में हंगरी सरकार ने उठाया। यूक्रेन से एयरपोर्ट तक का खर्च 50 डालार था। जबकि, बाकी खर्च केंद्र और राज्य सरकार ने उठाया है।
कहते है कि रविवार की रात दिल्ली स्थित प्रदेश के 40 बच्चे यूपी भवन में ठहरे। मुरादाबाद से हम दो लोग थे। उमरी कला का इमरान भी मेरे साथ था। रविवार की देर रात हम दोनों अपने घर आ गए। इमरान कहते हैं कि हमारी एंबेसी में भी बड़ी मेहनत की। जबकि, दलपतपुर निवासी मो. नाजिर के देर रात घर पहुंचने की सूचना से परिवार में खुशी है। बड़े भाई फिरोज कहते हैं कि शाम सात बजे भाई दिल्ली एयरपोर्ट पर उतर गया, उससे बात हो गई है।
जिला प्रशासन के अधिकारी वहां मौजूद हैं। वह कहते हैं कि एमबीबीएस प्रथम वर्ष का छात्र नाजिर हम सभी भाई-बहनों में छोटा है। उसके उसकी सलामती के लिए पूरा परिवार दुआ कर रहा है। जबकि, जामा मस्जिद के कुर्बान आलम, करूला के औरंगजेब और पंडित नगला के साकिब के घरवाले बेटों के घर वापसी को लेकर उत्साहित हैं।
छात्र- निवासी
औरंगजेब- करूला (शहर)
कुर्बान अली- जामा मस्जिद (शहर)
साकिब- पंडित नगला (शहर)
मो.अरहान- मंगूपुरा (मझोला क्षेत्र)
इमरान अली -गोदी (भोजपुर)
इमरान -उमरी चौराहा (छजलौट)
फिरोज -मूढापांडे (देहात)
मो.नाजिर -चमरौआ (देहात)
जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि प्रशासन यूक्रेन मामले को लेकर संजीदा है। अब तक आठ सदस्यों को घर पहुंचाया जा सका है। दिल्ली एयरपोर्ट पर टीम भेजी गयी है। वहां से परिवहन निगम की बसों से घरों तक पहुंचाया जा रहा है। कंट्रोल रूम ऐसे बच्चों के परिजनों के संपर्क में है।
