हल्द्वानी: आपदा में क्षतिग्रस्त हुई गौलापार नहर का डिजाइन रुड़की आईआईटी भेजी
हल्द्वानी, अमृत विचार। आपदा में क्षतिग्रस्त हुई गौलापार मुख्य नहर और समानांतर नहर की डिजाइन तैयार कर सिंचाई विभाग ने रुड़की आईआईटी भेज दी है। यहां डिजाइन को विशेषज्ञ देखेंगे और उसमें संसोधन कर वापस सिंचाई विभाग को भेजेंगे। अक्टूबर 2021 में हल्द्वानी में आई आपदा में गौला पार मुख्य नहर और समानांतर नहर क्षतिग्रस्त …
हल्द्वानी, अमृत विचार। आपदा में क्षतिग्रस्त हुई गौलापार मुख्य नहर और समानांतर नहर की डिजाइन तैयार कर सिंचाई विभाग ने रुड़की आईआईटी भेज दी है। यहां डिजाइन को विशेषज्ञ देखेंगे और उसमें संसोधन कर वापस सिंचाई विभाग को भेजेंगे।
अक्टूबर 2021 में हल्द्वानी में आई आपदा में गौला पार मुख्य नहर और समानांतर नहर क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसको बनवाने के लिए किसानों ने काफी प्रयास किया। अधिकारियों ने भी किसानों के दबाव में वैकल्पिक व्यवस्था कर नहर से सिंचाई का पानी देने का प्रयास किया। लेकिन, सफलता नहीं मिली। अंत में सिंचाई विभाग ने नहर के पुनर्निर्माण के लिए पांच करोड़ रुपये का बजट बनाकर शासन को भेजा। उसके बाद विभाग हाथ पर हाथ रखकर बैठ गया।
इधर, किसानों ने श्रमदान कर नहर को ठीक किया और किसानों को सिंचाई के पानी मिलना शुरू हो गया। किसानों द्वारा गौला पार मुख्य नहर को दुरुस्त तो कर लिया। लेकिन, बारिश के दिनों में उसके टूटने की पूरी संभावना है। सिंचाई विभाग को अभी तक शासन से बजट नहीं मिला है।
उसने दोनों नहरों की डिजाइन तैयार कर आईआईटी रुड़की भेज दी है, ताकि यहां दोनों नहरों के डिजाइन को विशेषज्ञ देख लें और उसमें संसोधन कर नई डिजाइन तैयार करें। पूर्व में आईआईटी रुड़की के विशेषज्ञों की टीम गौला पार नहर एवं समांतर का निरीक्षण कर चुकी हैं। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता किशन सिंह बिष्ट ने बताया कि दोनों नहरों की डिजाइन तैयार कर भेज दी है।
