रानीखेत: फानूस सारे खाक हो गए, बरगद अपनी जगह खड़े हैं…
रानीखेत, अमृत विचार। हजरत शाह कालू सय्यद बाबा का 48वां उर्स उल्लास व श्रद्धा के साथ प्रारंभ हो गया। विगत रात्रि यहां कवि सम्मेलन व मुशायरे का आयोजन किया गया। जिसमें कवियों और शायरों ने शिरकत की। मुशायरे में कवियों ने अपनी कविता के माध्यम से वर्तमान समय के हालातों को पेश किया। यहां आयोजित …
रानीखेत, अमृत विचार। हजरत शाह कालू सय्यद बाबा का 48वां उर्स उल्लास व श्रद्धा के साथ प्रारंभ हो गया। विगत रात्रि यहां कवि सम्मेलन व मुशायरे का आयोजन किया गया। जिसमें कवियों और शायरों ने शिरकत की। मुशायरे में कवियों ने अपनी कविता के माध्यम से वर्तमान समय के हालातों को पेश किया।
यहां आयोजित कवि सम्मेलन व मुशायरे में कवियों ने वर्तमान हालातों को इस तरह बयां किया, ‘वो देखो आज अकेले खड़े हैं, फानूस सारे खाक हो गए, लेकिन बरगद अपनी जगह खड़े हैं’। कवि दिनेश तिवारी ने काव्य पाठ करते हुए कहा कि ‘उड़ानें चाहे जितनी भर लो, दाना पानी धरती पर ही पड़ा, रोशनी बनाई जा सकती है, उजाला नहीं बन सकता’।
कवि सम्मेलन में कवि विनोद तिवारी, संजय पाठक, दिनेश तिवारी, अखलाक हुसैन, मंजर रामपुरी, शोएब रजा, आमिर रजा आदि ने शिरकत की। कार्यक्रम का संचालन सैय्यद मोहम्मद आदिल रामपुरी ने किया। समिति के प्रबंधक मोहम्मद मोहसिन ने बताया कि बाबा की मजार पर नगर वासियों द्वारा चादर चढ़ाने और लंगर के पश्चात कव्वाली का आगाज देर रात तक होगा।
