निपुण योजना से कुशल निर्माण कामगार बढ़ेंगे: हरदीप पुरी

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

नई दिल्ली। केन्द्रीय आवास एवं शहरी विकास मंत्री हरदीप पुरी ने सोमवार को कहा कि भारत में विश्व स्तरीय भवन एवं अवसरंचना संबंधी निर्माण कार्य होते हैं और ‘निपुण योजना’ के तहत बड़ी संख्या में कुशल निर्माण कामगार तैयार होने से इस क्षेत्र में दुनिया भर में भारत का परचम लहरायेगा। ‘निपुण योजना’ के तहत …

नई दिल्ली। केन्द्रीय आवास एवं शहरी विकास मंत्री हरदीप पुरी ने सोमवार को कहा कि भारत में विश्व स्तरीय भवन एवं अवसरंचना संबंधी निर्माण कार्य होते हैं और ‘निपुण योजना’ के तहत बड़ी संख्या में कुशल निर्माण कामगार तैयार होने से इस क्षेत्र में दुनिया भर में भारत का परचम लहरायेगा। ‘निपुण योजना’ के तहत निर्माण कार्य में लगे सभी तरह के कामगारों को प्रशिक्षित करके उन्हें और कुशल बनाया जायेगा जिससे वे न केवल राष्ट्र निर्माण में बेहतर योगदान दे सकेंगे बल्कि खाड़ी और यूरोपीय देशों में रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर सकेंगे।

पुरी ने यहां ‘निपुण योजना’ का शुभारंभ करते हुए कहा कि भारत में विश्व स्तरीय इमारतें और अवसरंचनायें निर्मित की जाती हैं लेकिन उनकी चर्चा बहुत कम होती है। उन्होंने कहा कि सेंट्रल विस्टा परियोजना, विश्व स्तरीय हवाई अड्डे आदि इसका प्रत्यक्ष उदाहरण हैं। उन्होंने कहा कि कौशल विकास की यह योजना इस क्षेत्र के लिए कई मायनों में परिवर्तनकारी साबित होगी।

उन्होंने इसे एक अच्छी पहल करार देते हुए कहा कि इससे निर्माण कार्य में लगे कामगार और हुनरमंद होंगे जिससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता में सुधार होगा, कार्य जल्द पूरे होंगे, लागत कम होगी और कामगारों की आय में वृद्धि होगी। इससे सभी संबद्ध पक्ष बेहतर स्थिति में रहेंगे।

उन्होंने कहा कि भवन निर्माण क्षेत्र का देश के सकल घरेलू उत्पाद काे बढ़ाने और रोजगार देने में महती योगदान है। उम्मीद है निपुण योजना के माध्यम से पर्याप्त संख्या में कुशल कामगारों की उपलब्धता से यह क्षेत्र अपना योगदान और बढ़ा सकेगा। गौरतलब है कि केन्द्रीय आवास एवं शहरी विकास मंत्रालय ने राष्ट्रीय कौशल विकास निगम के साथ मिलकर निर्माण मजदूरों के लिए निपुण योजना की शुरु की है।

पुरी ने बताया कि करीब 900 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित हो रहे सेंट्रल विस्टा परियोजना का पहला चरण जल्द ही पूरा कर लिया जायेगा। उन्होंने इसका विरोध कर रहे लोगों की आशंकाओं को निराधार करार देते हुए कहा कि यह परियोजना अगले 250 वर्षों तक की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार की गयी है।

ये भी पढ़ें- ‘अग्निपथ’ को लेकर गलत सूचना के झांसे में नहीं आएं युवा : केंद्रीय मंत्री मेघवाल

 

संबंधित समाचार