नैनीताल: तंबाकू के दुष्प्रभावों को लेकर अधिकारियों ने किया मंथन, प्रभावी नियंत्रण के लिए सख्ती के निर्देश
नैनीताल, अमृत विचार। अपर जिलाधिकारी शिवचरण द्विवेदी की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला कार्यालय नैनीताल के सभागार में राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अन्तर्गत जिला स्तरीय समन्वय (डीएलसीसी) की बैठक आयोजित हुई। इस दौरान तम्बाकू के प्रयोग पर प्रभावी नियंत्रण करने हेतु आवश्यक दिशा- निर्देश दिए गए। एडीएम ने कहा कि बच्चे अपने अभिभावकों एवं …
नैनीताल, अमृत विचार। अपर जिलाधिकारी शिवचरण द्विवेदी की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला कार्यालय नैनीताल के सभागार में राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अन्तर्गत जिला स्तरीय समन्वय (डीएलसीसी) की बैठक आयोजित हुई। इस दौरान तम्बाकू के प्रयोग पर प्रभावी नियंत्रण करने हेतु आवश्यक दिशा- निर्देश दिए गए।
एडीएम ने कहा कि बच्चे अपने अभिभावकों एवं माता-पिता द्वारा किये जाने वाले कार्यो का अनुकरण करने का प्रयास करते है, इसलिए अभिभावकों को स्वयं बदलना होगा। उन्होंने विद्यालय परिसर के 100 मीटर क्षेत्र में स्थित दुकानों पर छापेमारी कार्यवाही करने के निर्देश पुलिस विभाग के अधिकारियों को दिये। उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को समय-समय पर विद्यालयों में विद्यार्थियों की गहन तलाशी लेने एवं स्कूल के आस-पास निगरानी करने के दौरान यदि कोई 100 मीटर की परिधि पर प्रतिबन्धित तम्बाकू की दुकानें पाई जाती है तो उनका चालान करना सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिये हैं कि स्कूल परिसर में तम्बाकू के सेवन से होने वाले दुष्प्रभाव युक्त होल्डिंस लगाना सुनिश्चित करें एवं प्रार्थना स्थलों पर बच्चों को नशे के प्रति जागरूक करें।
उन्होंने सभी सरकारी कार्यालयों, सार्वजनिक स्थानों पर तम्बाकू नियन्त्रण बोर्ड में तम्बाकू सेवक से होने वाले दुष्प्रभाव एवं दंड की धनराशि का उल्लेख करते हुए लगाने के निर्देश चिकित्सा विभाग के अधिकारियों को दिए।
बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. भागीरथी जोशी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. तरूण कुमार टम्टा, डॉ. अनुपमा ह्यांकी, सहायक आयुक्त राज्यकर अभिषेक ह्यांकी, सीओ ट्राफिक राजेन्द्र सिंह, तल्लीताल एसओ रोहताश, नगर पालिका स्वास्थ अधिकारी डॉ. गणेश सिंह धर्मशक्तू, चिकित्सा विभाग के मदन मेहरा, दीवान सिंह बिष्ट, हरेन्द्र कठायत, मनोज आदि मौजूद रहे।
