राजस्थान सरकार ने महापौर सौम्या गुर्जर को पद से हटाया, जानिए क्या है पूरा मामला
जयपुर। राजस्थान सरकार ने जयपुर ग्रेटर नगर निगम की महापौर सौम्या गुर्जर को न्यायिक जांच में दोषी पाये जाने के मद्देनजर पद से हटा दिया। स्वायत शासन विभाग के इस संबंध में जारी आदेश के अनुसार सौम्या गुर्जर को उनके खिलाफ गत दस अगस्त की न्यायिक जांच रिपोर्ट को दृष्टिगत रखते हुए तुरंत प्रभाव से …
जयपुर। राजस्थान सरकार ने जयपुर ग्रेटर नगर निगम की महापौर सौम्या गुर्जर को न्यायिक जांच में दोषी पाये जाने के मद्देनजर पद से हटा दिया। स्वायत शासन विभाग के इस संबंध में जारी आदेश के अनुसार सौम्या गुर्जर को उनके खिलाफ गत दस अगस्त की न्यायिक जांच रिपोर्ट को दृष्टिगत रखते हुए तुरंत प्रभाव से सदस्यता एवं महापौर पद से हटाते हुए आगामी छह वर्ष के लिए पुर्ननिर्वाचन के लिए अयोग्य घोषित कर दिया गया हैं।
उल्लेखनीय है कि 4 जून 2021 को सौम्या गुर्जर पर तत्कालीन निगम आयुक्त निगम आयुक्त यज्ञमित्र सिंह देव उनके साथ मारपीट एवं बदसलूकी के आरोप के मामले में छह जून को सौम्या गुर्जर को निलंबित कर दिया गया था। इसके बाद सौम्या गुर्जर के विरुद्ध प्राथमिक जांच में प्रथम दृष्टया दोषी पाये जाने पर नगरपालिका अधिनियम 2009 की धारा 39 के तहत प्रकरण की न्यायिक जांच कराई गई और गत 10 अगस्त को जारी न्यायिक जांच रिपोर्ट में सौम्या गुर्जर को दोषी पाया गया था।
इस मामले को लेकर सौम्या गुर्जर ने अदालत की शरण ली और मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा और गत फरवरी में कोर्ट ने उनके निलंबन आदेश को स्टे कर देने से उन्होंने फिर जयपुर ग्रेटर नगर निगम की महापौर का पद संभाल लिया था। हाल में सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को इस मामले में कार्यवाही करने के लिए स्वतंत्र करते हुए याचिका का निस्तारण किया था।
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