काशीपुर: प्रदेश के 114 महाविद्यालयों में निशुल्क इंटरनेट सेवा ठप

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अरुण कुमार, काशीपुर, अमृत विचार। राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालयों में छात्र-छात्राओं को इंटरनेट की सुविधा देने के दावे खोखले साबित हो रहे हैं। एक वर्ष से प्रदेश के 114 राजकीय महाविद्यालयों इंटरनेट लीज लाइन का नवीनीकरण नहीं हो सका। महाविद्यालय स्वयं के खर्च पर दूसरा इंटरनेट कनेक्शन लेकर काम चला रहा हैं।

दरअसल, दो वर्ष पूर्व सरकार की ओर से कोरोना काल में राधेहरि पीजी कॉलेज समेत प्रदेश के 114 राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में 10 एमबीपीएस लीज लाइन इंटरनेट कनेक्शन निशुल्क लगाया गया था। जिसका जियो कंपनी का सरकार से एक वर्ष के लिए अनुबंध हुआ था।

जिसके माध्यम से महाविद्यालय में छात्र-छात्राओं को ऑनलाइन पढ़ाई की सुविधा मिल सके। उस समय उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने भी महाविद्यालय पहुंचकर निरीक्षण किया था और आवश्यक दिशा निर्देश दिए थे। 8 जनवरी 2021 को महाविद्यालय परिसर में इंटरनेट सेवा का उद्घाटन तत्कालीन विधायक हरभजन सिंह चीमा ने किया था।

उन्होंने इंटरनेट सेवा को महाविद्यालय के लिए रामबाण बताकर कहा था कि सेवा शुरू होने से शिक्षण कार्य में सहूलियत मिलेगी और वह शिक्षा के क्षेत्र में समय-समय में हो रहे सुधार को भली भांति समझ सकेंगे। यह सुविधा महाविद्यालय को निशुल्क दी गई थी। मई 2022 में समय अवधि समाप्त होने पर यह सुविधा ठप पड़ी हुई है। शिक्षक अपना कार्य करने के लिए एक दूसरी कंपनी से कनेक्शन लेकर विभागीय कार्य करने में लगे हैं।


दो साल से भूमि में दफन है केबल 
काशीपुर। जानकारी के अनुसार राधेहरि पीजी कॉलेज में वाईफाई की सुविधा के लिए भूमिगत केबल भी बिछाई गई थी, लेकिन वह केबल भी दो साल से भूमि में ही दफन है। जिसके चलते न तो छात्र-छात्राओं को इसका लाभ न मिल सका और न ही शिक्षण कार्य ही बेहतर हो सका। छात्र-छात्राएं अपने मोबाइल का इंटरनेट का प्रयोग कर रहे हैं। महाविद्यालय को भी इसकी कोई ठोस जानकारी नहीं है।


महाविद्यालय में वाईफाई की सुविधा के लिए भूमिगत केबल बिछाई गई थी। अभी तक वाईफाई सेवा शुरू नहीं हो सकी है। 2021 में एक वर्ष के लिए 10 एमबीपीएस का कनेक्शन निशुल्क दिया गया था। वह भी मई 2022 से बंद पड़ा हुआ है। एक दूसरी कंपनी के कनेक्शन से काम चलाया जा रहा है। जिसका कंपनी को भुगतान किया जाता है।

डॉ. अमादुद्दीन, आईटी प्रभारी, राधेहरि राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय काशीपुर  


कोविड काल में राजकीय महाविद्यालयों में ऑनलाइन पढ़ाई करने के लिए उत्तराखंड के 114 राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालयों में एक वर्ष के लिए जियो के 10 एमबीपीएस की इंटरनेट लीज लाइन कनेक्शन लगाया गया था। इसके लिए सरकार से एक वर्ष के लिए अनुबंध हुआ था। सरकार से अनुबंध का नवीनीकरण नहीं हो सका। जिसके चलते सभी महाविद्यालयों में यह सेवा बंद है।
- वाईपी सिंह, राज्य प्रभारी, जियो कंपनी उत्तराखंड

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