महत्वपूर्ण यात्रा

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Edited By Amrit Vichar
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रस्तावित अमेरिका यात्रा पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं। भारत-अमेरिका के बीच संबंधों के साथ-साथ कई और मायनों में भी यह यात्रा काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। यह वैश्विक पटल पर भारत के बढ़ते महत्व को दिखाती है। प्रधानमंत्री मोदी 21 से 24 जून तक अमेरिका की राजकीय यात्रा पर रहेंगे।

हाल ही में अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा कि बाइडेन प्रशासन दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े लोकतंत्रों के बीच अद्वितीय संबंध, क्षेत्रीय और वैश्विक चुनौतियों के समाधान के लिए साझा प्रतिबद्धता देखता है। बुधवार को भारतीय मूल के एक शीर्ष अमेरिकी राजनयिक रिचर्ड वर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की यात्रा के जरिए अमेरिका यह संदेश देना चाहता है कि भारत और अमेरिका के बीच ‘सकारात्मक रणनीतिक परिणाम’ वाले संबंध हैं।

वास्तव में मुक्त, खुला और विनियमित हिंद-प्रशांत क्षेत्र सुनिश्चित करने के लिए दोनों देशों के बीच साझेदारी होना महत्वपूर्ण है। अमेरिका और भारत के व्यापार, निवेश एवं कनेक्टिविटी के माध्यम से वैश्विक सुरक्षा, स्थिरता तथा आर्थिक समृद्धि को बढ़ावा देने में साझा हित हैं। 

अमेरिका-भारत रणनीतिक साझेदारी लोकतंत्र के प्रति प्रतिबद्धता और नियम-आधारित अंतर्राष्ट्रीय व्यवस्था को बनाए रखने सहित साझा मूल्यों पर आधारित है। साथ ही संयुक्त राष्ट्र, जी-20, दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के संगठन (आसियान), क्षेत्रीय फोरम, अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष, विश्व बैंक और विश्व व्यापार संगठन सहित बहुपक्षीय संगठनों में भारत एवं संयुक्त राज्य अमेरिका दोनों देश मज़बूत सहयोगी हैं।

दोनों देशों के बीच बढ़ते आर्थिक संबंधों के परिणाम स्वरूप वर्ष 2022-23 में अमेरिका भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक भागीदार बनकर उभरा है। भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार वर्ष 2022-23 में 7.65 प्रतिशत बढ़कर 128.55 बिलियन अमेरिकी डॉलर हो गया। वर्ष 2022-23 में अमेरिका के साथ निर्यात 2.81 प्रतिशत बढ़कर 78.31 बिलियन अमेरिकी डॉलर हो गया है तथा आयात लगभग 16 प्रतिशत बढ़कर 50.24 बिलियन अमेरिकी डॉलर हो गया। भारत एक अभूतपूर्व परिवर्तन के दौर से गुज़र रहा है।

भारत की सशस्त्र सेना अमेरिका, रूस और चीन के बाद दुनिया की चौथी सबसे बड़ी सेना है। अमेरिका दुनिया की चौथी सबसे बड़ी सैन्य शक्ति के साथ रणनीतिक और सैन्य सहयोग को और मजबूत करना चाहेगा। पीएम मोदी की यात्रा से अमेरिका और भारत के बीच रणनीतिक संबंधों को और मजबूती मिलने की उम्मीद है। साथ ही भारत अपनी वर्तमान स्थिति का उपयोग करते हुए आगे बढ़ने के अवसरों का पता लगाने का प्रयास करेगा।

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