हल्द्वानी: आरटीई की 8 हजार से अधिक सीटों के लिए आवेदन नहीं
हल्द्वानी, अमृत विचार। शिक्षा अधिकारी अधिनियम के तहत इस बार प्रदेश में 34230 सीटें आरक्षित की गई थीं। आरक्षित सीटों के सापेक्ष इस बार पूरी सीटों के लिए आवेदन नहीं हुए।
करीब 8905 सीटें आवेदन के लिए खाली रहीं। आरटीई के तहत मिलने वाली मुफ्त शिक्षा के लिए रूचि घट रही है। चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद निजी विद्यालयों में 25 प्रतिशत आरक्षित सीटों पर चयनित बच्चों को प्रवेश मिलना शुरू हो गया है। मगर अब भी हजारों सीटें रिक्त हैं, जिन पर आवेदन तक प्राप्त नहीं हुए हैं।
शिक्षा विभाग से मिली जानकारी के अनुसार आरटीई के तहत प्रवेश के लिए प्रदेश में 25325 विद्यार्थियों ने आवेदन किया। इसमें 20837 आवेदन पत्र सत्यापित हुए। 17065 सीटें आवंटित की गई। अबतक 4379 विद्यार्थियों ने प्रवेश ले लिया है।
उत्तराखंड सरकार ने आरटीई के तहत मिलने वाली फीस की राशि को बढ़ाकर करीब 1800 रुपये कर दिया है, जो पूर्व में करीब 1200 रुपये थी। बावजदू प्रवेश के लिए आवेदन करने वाले बच्चों की संख्या में कमी है। इसके तहत चयनित होने वाले बच्चों को 1 से 8 वीं तक की शिक्षा निशुल्क दी जाती है। इधर संभावना जताई जा रही है कि आरटीई के अतिरिक्त सीटों पर प्रवेश दोबारा हो सकते हैं।
मुख्य शिक्षा अधिकारी केएस रावत ने बताया कि जिले में आरटीई के लिए 3050 सीटें आरक्षित हैं। करीब 700 सीटों के लिए आवेदन नहीं हुए। आरटीई के तहत चयनित बच्चों को निजी विद्यालयों में प्रवेश मिलना शुरू हो गया है। 24 जून तक प्रवेश प्रक्रिया चलेगी।
