बरेली: स्ट्रीट लाइट लगवाने के लिए जनप्रतिनिधियों ने बिखेरी चमक, आगे आए...सीडीओ को भेजा प्रस्ताव
अब लक्ष्य से ज्यादा 160 की जगह 220 लाइटों को लगवाने के लिए सीडीओ को भेजा प्रस्ताव
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बरेली, अमृत विचार। आखिरकार सोलर स्ट्रीट लाइटों को लगवाने के लिए जनप्रतिनिधि आगे आए हैं। मंत्री, विधायक, एमएलसी ने बढ़ चढ़कर सीडीओ को लाइटों के लिए प्रस्ताव भेजा है। चार जनप्रतिनिधियों के प्रस्ताव लक्ष्य से ज्यादा हो गए हैं। अब विभागीय अफसर मंजूरी के लिए प्रस्ताव को शासन भेजने की तैयारी कर रहे हैं।
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दरअसल, शासन ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय, बाबूजी कल्याण सिंह योजना के तहत यूपीनेडा को जिले में 160 सोलर स्ट्रीट लाइटें लगाने का लक्ष्य जारी किया था। सांसद, विधायक, एमएलसी की निधि से पैसा लेकर लाइटों को लगाना है। एक लाइट की कीमत 19981 रुपये है। इसमें से 12881 रुपये जनप्रतिनिधियों की निधि से दिए जाएंगे।
71 सौ रुपये अनुदान यूपीनेडा देगा। सभी जनप्रतिनिधियों को इसके लिए प्रस्ताव देने थे, लेकिन यूपीनेडा की ओर से कई बार पत्राचार किए जाने के बाद भी जनप्रतिनिधियों ने प्रस्ताव नहीं दिए थे। अकेले कैंट विधायक संजीव अग्रवाल ने ही प्रस्ताव दिया था।
निधि का पैसा खर्च करने में जनप्रतिनिधियों की कंजूसी को लेकर 19 अक्टूबर को अमृत विचार ने प्रमुखता से खबर को प्रकाशित था। इसके बाद अपनी निधि से सोलर स्ट्रीट लाइटें लगवाने के लिए जनप्रतिनिधि आगे आए हैं। वन मंत्री डॉ. अरुण कुमार ने 20 अक्टूबर को 35, बिथरी चैनपुर के विधायक ने 50, फरीदपुर के विधायक डॉ. श्याम बिहारी लाल ने 60 लाइट और एमएलसी कुंवर महाराज सिंह ने 19 अक्टूबर को 40 लाइटों का प्रस्ताव सीडीओ जगप्रवेश को भेजकर कहा कि है उनकी निधि से यूपीनेडा को बजट अवमुक्त करा दिया जाए।
इससे पहले कैंट विधायक संजीव अग्रवाल 35 लाइटों के लिए प्रस्ताव भेज चुके हैं। परियाेजना अधिकारी यूपीनेडा अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि जिले को 160 लाइटों का लक्ष्य मिला था। जनप्रतिनिधियों के प्रस्ताव में लाइटों की संख्या लक्ष्य से ज्यादा होकर 220 हो गई है। प्रस्ताव के बाद सभी की निधि का पैसा अवमुक्त कर मुख्यालय भेजा जाएगा। वहीं से लाइट लगाने के लिए कंपनी नामित की जाएगी।
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