Christmas Day 2023: क्रिसमस पर मैथॉडिस्ट चर्च में इस बार होगी थ्री-डी सजावट
कानपुर में क्रिसमस पर मैथॉडिस्ट चर्च में इस बार होगी थ्री-डी सजावट।
कानपुर में क्रिसमस पर मैथॉडिस्ट चर्च में इस बार होगी थ्री-डी सजावट।लोग जिस दिशा से देखेंगे एक जैसा दृश्य ही नजर आएगा।
कानपुर, अमृत विचार। क्रिसमस पर इस बार 109 साल मैथॉडिस्ट चर्च में लोगों को थ्री-डी सजावट देखने को मिलेगी। इस सजावट में किसी भी दिशा से देखने पर एक जैसा दृश्य ही दिखाई देगा। शनिवार को यहां विशेष कार्यक्रम आयोजित होगा।
एलएलजेएम मैथॉडिस्ट चर्च सिविल लाइंस में क्रिसमस की तैयारी चल रही है। चर्च के पदाधिकारियों ने बताया कि इस बार थ्री-डी सजावट आकर्षण का केंद्र रहेगी।
चर्च में सजाई जाने वाली घंटियां, तारे, पेड़ आदि सभी सजावटी सामग्री थ्री-डी छवि वाली रहेंगी। फादर जेजे ऑलिवर ने बताया कि शनिवार को कैंडिल लाइट प्रार्थना सभा में विशेष प्रार्थना है।
1914 में बना था चर्च
मैथॉडिस्ट चर्च की स्थापना 1914 में हुई थी। इससे पहले मसीही समाज नई सड़क के एक चर्च में अराधना करता था। वह चर्च छोटा पड़ने लगा तो सिविल लाइंस में नए चर्च का निर्माण हुआ। निर्माण कार्य में ब्रिटेन की एक महिला ने विशेष योगदान दिया। उन्होंने फंड एकत्र करने के लिए लोगों से पुराने कपड़े लेकर उससे मेज पोश और रजाइयों की खोली बनाई, फिर इन्हें बेचकर सबसे अधिक धन दिया।
अनोखी शिल्पकारी, एक ईंट पर टिके हैं सभी आर्च
पदाधिकारियों के अनुसार यह चर्च ब्रिटेन और इटली में बने चर्च की शैली में बनाया गया है। निर्माण में खपरैल शैली का इस्तेमाल किया गया है। इस चर्च में 23 आर्च हैं। इन सभी आर्च में एक मास्टर ईंट लगी है, जिसे हटाने से पूरा आर्च गिर जाएगा। पुरी इमारत ईंट से बनी है, जो आज भी नई जैसी नजर आती है।
चाभी से साधी गई बीम
इस चर्च की मुख्य बीम को कसने और ढीला करने के लिए एक चाभी का प्रयोग होता है। पदाधिकारियों ने बताया कि बीम के आखिरी कोने में चाभी का स्थान दिया गया है।
यहां से नापा जाता समुद्र तल
चर्च में एक स्थान ऐसा है जहां से समुद्र तल से ऊंचाई नापी जाती है। यह स्थान चर्च की मुख्य सीढ़ियों के बगल में है। हाल ही में मेट्रो कार्य की खुदाई से पहले भी चर्च से ही समुद्र तल नापा गया था।
