टनकपुर-जौलजीबी सड़क पर बनेंगे तीन नए पुल  

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Edited By Amrit Vichar
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देवेन्द्र चन्द देवा, टनकपुर, अमृत विचार। भारत-नेपाल सीमा से लगी टीजे (टनकपुर-जौलजीबी) मोटर मार्ग पर अब तीन नए पुल बनाए जाएंगे। इन पुलों का निर्माण कार्य शीघ्र ही होने जा रहा है। लधिया के गधेरे में 24-24 मीटर के तीन पुलों को बनाने से इस सड़क पर बरसात में गधेरे के उफान का असर नहीं होगा। इससे सड़क पर आवाजाही बाधित होने का खतरा भी नहीं रहेगा।                                        

प्रस्तावित पंचेश्वर बांध का डूब क्षेत्र तय नहीं होने से 132 किमी की टीजे सड़क का काम जौलजीबी के बजाय टनकपुर से 55 किमी दूर रूपालीगाड़ तक किया जा रहा है। टनकपुर से ठुलीगाड़ तक 12 किलोमीटर सड़क पहले ही बन चुकी है। ठुलीगाड़ से चूका के 18.600 किमी का निर्माण कार्य भी हो चुका है। जबकि 24.400 किमी लंबे चूका-रूपालीगाड़ सड़क के दूसरे पैकेज का काम चल रहा है।                              

टीजे रोड के मूल प्रस्ताव में ये पुल नहीं थे, लेकिन 2013 की आपदा के बाद बदले हालात के मद्देनजर विभाग ने इस प्रस्ताव को भेजा था। चूका से रूपालीगाड़ के बीच बनने वाले इन पुलों को भारत सरकार की मंजूरी मिल गई है। पुल के बनने से लधिया नदी के इन गधेरों से आवाजाही पर कोई खतरा नहीं रहेगा। लोनिवि की पीआईयू (परियोजना क्रियांवयन इकाई) के अधिशासी अभियंता आदर्श गोपाल ने बताया कि ये पुल आमड़ा, तरकुली और आमनी में बनाए जाएंगे। प्रत्येक पुल की लंबाई 24 मीटर होगी।  
                   

टीजे सड़क पर आमड़ा, तरकुली और आमीन में तीन पुलों को भारत सरकार की मंजूरी मिल गई है। अब इन पुलों के निर्माण के लिए निविदा प्रक्रिया जारी है। इन पुलों के बनने से आवाजाही सुचारू होगी। 
-आदर्श गोपाल, ईई, पीआईयू, टनकपुर 


55 करोड़ रुपये बढ़ गई टीजे रोड की लागत                                      
वर्ष 2016 से शुरू टीजे रोड के काम में हुई देरी और नए पुलों की वजह से लागत में 55.27 करोड़ रुपये की बढ़ोत्तरी हुई है। पीआईयू के ईई का कहना है कि टीजे सड़क का मूल आगणन 252.81 करोड़ रुपये था। इसे बढ़ाकर 308.08 करोड़ रुपये कर दिया गया है। इस संशोधित बजट को भारत सरकार की हरी झंडी मिल चुकी है।

टीजे मोटर मार्ग की दूरी भी होगी कम
निर्माणाधीन टनकपुर जौलजीबी मोटर मार्ग के बन जाने पर टनकपुर पिथौरागढ़ मोटर मार्ग से इसकी दूरी भी कम हो जाएगी। एक ओर जहां टनकपुर चम्पावत पिथौरागढ़ होते हुए जौलजीबी की दूरी 211 किलोमीटर है, वहीं नई मोटर मार्ग बनने से टनकपुर से जौलजीबी की दूरी 79 किलोमीटर घटकर महज 132 किलोमीटर रह जाएगी। इस मार्ग से एक ओर जहां लोगों की आवाजाई में समय की बचत होगी वहीं यात्रा किराए भी कम होगा। 

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