Kanpur: भाजपा में 13 मार्च से पहले कानपुर के लिए प्रत्याशी की घोषणा के संकेत; महिलाओं में इनके नाम चर्चा में...जानें
कानपुर, विशेष संवाददाता। भाजपा से कानपुर लोकसभा सीट के टिकट के दावेदारों की दिल्ली दौड़ थमने का नाम नहीं ले रही है। भाजपा संसदीय बोर्ड में कानपुर सीट पर फैसला रुका होने से किसी कद्दावर नेता का नाम आने की संभावना भी बढ़ती जा रही है। फिलहाल 13 मार्च तक प्रत्याशी की घोषणा होने के संकेत हैं। इसकी वजह 14 मार्च से खरमास लगना है। इस दौरान शुभ कार्यों की मनाही रहती है।
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि अबकी बार 400 पार के लिए एक-एक सीट पर गहन मंथन हो रहा है। कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र की दस में से नौ सीटों पर प्रत्याशी घोषित किए जा चुके हैं। सारे नाम 2019 का चुनाव जीते सांसदों के हैं। लेकिन कानपुर सीट पर प्रत्याशी की घोषणा रोक ली गयी है। यह सीट भाजपा के सत्यदेव पचौरी ने कांग्रेस के श्रीप्रकाश जायसवाल को 1,55,934 वोटों से हराकर जीती थी।
हालांकि वर्ष 2004 में पचौरी श्रीप्रकाश से चुनाव हार चुके हैं। उनके बाद 2009 में श्रीप्रकाश ने सतीश महाना को 18 हजार वोटों से मात दी थी। अबकी टिकट में महाना और पचौरी के बीच ही दांव फंसा है। सूत्र बताते हैं कि केंद्रीय नेतृत्व महाना को लड़ाने के मूड में है पर पार्टी का एक वर्ग कानपुर से ब्राह्मण प्रत्याशी पर जोर दे रहा है। पचौरी नमोएप में देश में टॉप फाइव पर हैं। दूसरी तरफ महाना समर्थकों का कहना है कि वह कद्दावर नेता हैं। हालांकि महाना ने अपने समर्थकों को चुनावी तैयारी के कोई संकेत नहीं दिए हैं।
लेकिन उनकी दिल्ली दौड़ पचौरी की राह में कांटा मानी जा रही है। शनिवार शाम महाना लखनऊ चले गए। वह अयोध्या में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला के साथ रामलला के दर्शन करने के बाद उनके साथ 11 को दिल्ली जाएंगे। दूसरी तरफ विधायक महेश त्रिवेदी, सुरेंद्र मैथानी, अरुण पाठक, रमेश अवस्थी भी टिकट की टकटकी लगाए हैं। महिलाओं में मालिनी अवस्थी, नीतू सिंह, योगी सरकार में मंत्री प्रतिभा शुक्ला और मेयर प्रमिला पांडेय का नाम लिया जा रहा है। प्रदेश के तीन सदस्यीय पैनल में सांसद पचौरी के अलावा एक पुरुष व एक महिला का नाम बताया जाता है।
