Kanpur में तहसीलदार, कानूनगो और लेखपाल पर FIR: तीनों पर है ये गंभीर आरोप...

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

कानपुर, अमृत विचार। नरवल में रहने वाली एक वृद्धा ने दाखिल खारिज में हेरफेर करके मृतका का नाम खतौनी में दर्ज कराने पर न्यायालय के आदेश पर बिठूर के तत्कालीन नायब तहसीलदार, कानूनगो और लेखपाल के खिलाफ कोतवाली थाने में संगीन धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई है। आरोप है कि राजस्व विभाग के तीनों अधिकारियों ने पारिवारिक विरोधियों को लाभ पहुंचाने की नीयत से धोखाधड़ी की।

नरवल तहसील निवासिनी 65 वर्षीय झुर्री ने दर्ज एफआईआर में बताया कि उनकी मां नन्हीं का पहला विवाह मनवां नाम के व्यक्ति से हुआ था जिससे कोई संतान नहीं हुई। मनवां की मौत के बाद मां नन्हीं ने देवर पूसू उर्फ पुसवा से शादी की। जिसके बाद तीन बेटियां चमेली, झुर्री और ननकी ने जन्म लिया। मां की मौत के बाद तीनों बहनों ने संपत्ति के दाखिल खारिज के लिए बिठूर तहसील में आवेदन किया।

जांच के बाद तत्कालीन नायब तहसीलदार ने मां की जगह तीनों बहनों का नाम दर्ज करने का आदेश 21 जनवरी 2012 को जारी कर दिया। आरोप है कि 15 जून 2016 को कार्यरत नायब तहसीलदार ने बिना कोई सम्मन जारी किए मृत मां नन्हीं का नाम सरकारी कागज में दर्ज करने का आदेश दिया और 1 सितंबर 2017 को नन्हीं के नाम संपत्ति दर्ज हो गई। पीड़िता के अनुसार उक्त अधिकारियों ने पारिवारिक विरोधियों से मिलीभगत कर दस्तावेजों में हेरफेर कर मृतका नाम दर्जकर धोखाधड़ी की है।

पीड़िता का आरोप है, कि विरोधियों को लाभ पहुंचाने के लिए राजस्व विभाग के अधिकारियों ने कार्य किया। इस संबंध में कोतवाली प्रभारी निरीक्षक संतोष शुक्ला ने बताया न्यायालय के आदेश पर तत्कालीन नायब तहसीलदार, कानूनगो और लेखपाल के खिलाफ धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेजों से छेड़छाड़, षडयंत्र रचने में गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है। 

 

संबंधित समाचार