छह माह से दो साल में सही हो जाता है कुष्ठ रोग

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

हल्द्वानी, अमृत विचार: राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत कुमाऊं मंडल के चिकित्सा अधिकारियों का दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हुआ। शिविर में कुष्ठ रोग के निदान को लेकर चर्चा की गई।  
 कार्यक्रम का उद्घाटन सीएमओ डॉ. एचसी पंत ने किया। उन्होंने कहा कि कुष्ठ रोग मुख्य रूप से त्वचा और परिधीय नसों को प्रभावित करता है।

इससे चकत्ते और थक्कों का विकास होता है। उनमें खुजली नहीं होती है। नसों के संक्रमण में संक्रमित नसों द्वारा नियंत्रित क्षेत्रों में त्वचा सुन्न हो जाती है या मांसपेशियां कमजोर हो जाती हैं। कुष्ठ रोग का इलाज छह महीने से दो साल तक का होता है। यह इस बात पर निर्भर करता है कि रोग की गंभीरता कितनी है और किस तरह का कुष्ठ रोग है। कुष्ठ रोग का इलाज मल्टीड्रग थेरेपी (एमडीटी) से किया जाता है। साथ ही उपचार भी निशुल्क होता है।

कुष्ठ रोग के उपचार में एंटीबॉयोटिक दवाओं का संयोजन, भौतिक चिकित्सा, पुनर्निर्माण सर्जरी, परामर्श और सहायता की आवश्यकता है। इस दौरान एसीएमओ डॉ. संजीव खर्कवाल, चर्म विशेषज्ञ डॉ. आरुषि गुप्ता, डॉ. मनीष मेरिया, मनोज मर्तोलिया, ख्यालीराम सती, दीवान बिष्ट रहे।

संबंधित समाचार