भारत की T20 हार पर चेतेश्वर पुजारा का बड़ा बयान, बोले- खराब फील्डिंग और ऑलराउंडर की कमी बनी हार की वजह
इंग्लैंड से 0-4 की करारी हार के बाद पुजारा ने उठाए सवाल, बोले- मध्यक्रम की कमजोरी और खराब क्षेत्ररक्षण टीम इंडिया के लिए बड़ी चिंता
नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने इंग्लैंड के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज में मिली करारी हार के कारणों पर अपनी राय रखी है। पुजारा के मुताबिक, टीम इंडिया के निराशाजनक प्रदर्शन के पीछे कमजोर मध्यक्रम, एक प्रभावी ऑलराउंडर की कमी और खराब क्षेत्ररक्षण जैसी बड़ी कमियां जिम्मेदार रहीं।
भारत को ब्रिटेन दौरे पर टी20 सीरीज में मुश्किल दौर से गुजरना पड़ा। इंग्लैंड ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में भारत को 4-0 से मात दी। इससे पहले भारतीय टीम आयरलैंड के खिलाफ भी दोनों मुकाबले गंवा चुकी थी।
मध्यक्रम की कमजोरी बनी बड़ी समस्या
चेतेश्वर पुजारा ने जियोहॉटस्टार से बातचीत में कहा कि इंग्लैंड के पास पांचवें, छठे, सातवें और आठवें नंबर तक ऐसे बल्लेबाज मौजूद थे, जिन्होंने टीम के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया।
उन्होंने कहा कि भारतीय टीम में पांचवें नंबर पर तिलक वर्मा और छठे नंबर पर शिवम दुबे जैसे खिलाड़ी थे, लेकिन वे इंग्लैंड के मध्यक्रम के बल्लेबाजों की तरह प्रभावी प्रदर्शन नहीं कर सके।
पुजारा के अनुसार, टी20 क्रिकेट में मध्यक्रम का मजबूत होना बेहद जरूरी है, क्योंकि यही बल्लेबाज मैच के आखिरी ओवरों में टीम को बड़ा स्कोर खड़ा करने या लक्ष्य हासिल करने में मदद करते हैं।
ऑलराउंडर की कमी पर जताई चिंता
पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने टीम में एक भरोसेमंद ऑलराउंडर की कमी को भी बड़ी समस्या बताया। उन्होंने कहा कि मौजूदा दौर के टी20 क्रिकेट में ऐसे खिलाड़ी बेहद महत्वपूर्ण होते हैं, जो बल्ले और गेंद दोनों से टीम के लिए योगदान दे सकें।
पुजारा का मानना है कि भारत को भविष्य की टी20 टीम तैयार करते समय ऐसे खिलाड़ियों पर ध्यान देना होगा, जो हर विभाग में संतुलन प्रदान कर सकें।
खराब फील्डिंग पर पुजारा ने जताई नाराजगी
चेतेश्वर पुजारा ने भारतीय टीम की क्षेत्ररक्षण क्षमता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि युवा टीम होने के बावजूद खराब फील्डिंग को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
उन्होंने कहा कि टी20 क्रिकेट में फील्डिंग की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण होती है, क्योंकि एक कैच या एक रन रोकना मैच का रुख बदल सकता है। लेकिन पूरी सीरीज के दौरान भारतीय टीम की फील्डिंग कमजोर नजर आई, जो चिंता का विषय है।
युवा टीम को सुधार की जरूरत
पुजारा ने माना कि यह एक युवा टीम थी और बल्लेबाजी व गेंदबाजी में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सकी, लेकिन फील्डिंग जैसी बुनियादी चीजों में सुधार जरूरी है।
उन्होंने कहा कि भारतीय टीम को अपनी कमियों पर काम करके आने वाले मुकाबलों के लिए बेहतर तैयारी करनी होगी।
