हल्द्वानी: कंपोस्ट के साथ ही अब रिफ्यूज्ड प्लास्टिक से भी तैयार होगा ईंधन
हल्द्वानी, अमृत विचार। कूड़ा निस्तारण के लिए हल्द्वानी में तैयार हो रहे सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट के लिए शासन से स्वीकृति मिल गई है। इसके लिए नगर निगम द्वारा तेजी से कवायद शुरू कर दी गई है। प्लांट तैयार होने के बाद यहां गीला और सूखे कूड़े व अपशिष्टों को अलग कर खाद तैयार कराया …
हल्द्वानी, अमृत विचार। कूड़ा निस्तारण के लिए हल्द्वानी में तैयार हो रहे सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट के लिए शासन से स्वीकृति मिल गई है। इसके लिए नगर निगम द्वारा तेजी से कवायद शुरू कर दी गई है। प्लांट तैयार होने के बाद यहां गीला और सूखे कूड़े व अपशिष्टों को अलग कर खाद तैयार कराया जाएगा। विभाग को खाद की बिक्री से तो मुनाफा होगा ही, इसके अलावा प्लांट में रिफ्यूज्ड प्लास्टिक के ब्रिक तैयार कर ईंधन के रूप में उसका विक्रय किया जाएगा। इसके लिए प्लांट में शासन द्वारा चयनित सात शहरों से एकत्र कूड़े का निस्तारण किया जाएगा। वर्तमान आंकड़ों के मुताबिक यहां कुल 230 मिट्रिक टन कूड़ा एकत्र होता है।
यह होगी तैयार करने की प्रक्रिया
प्लांट में एकत्र किए गए कूड़े में से रिसाइकिल न होने वाले रिफ्यूज प्लास्टिक को साफ कराया जाएगा। इसके बाद इनमें भी मशीनों की क्षमता के अनुरूप प्लास्टिक को मशीनी प्रक्रिया से गुजारा जाएगा और एक प्रेशर मशीन के द्वारा एकत्र प्लास्टिकों को कंप्रेस कर दिया जाएगा, जिससे इनका आकार कम किया जा सके और ईंधन के लिए उपयोग करने में आसानी हो।
लकड़ी के अलावा प्लास्टिक से मिलेगा ईंधन
प्लांट में मशीनों द्वारा कंप्रेस प्लास्टिक के ब्रिकों का उपयोग कोयला व लकड़ी की जगह ईंट भट्ठों में किया जाएगा। इसके साथ ही इनका उनपयोग अनेक मैन्युफैक्चरिंग यूनिटों में किया जा सकेगा जहां ईंधन के लिए भट्ठियों का उपयोग किया जाता है।
इन शहरों से आएगा कूड़ा
हल्द्वानी स्थित प्लांट में दो जिलों के सात शहरों का कूड़े का निस्तारण होगा। इसके लिए हल्द्वानी सहित रुद्रपुर, भीमताल, नैनीताल, भवाली, लालकुंआ, और किच्छा शहरों का चयन किया गया है।
इसके लिए शासन से अनुमति मिलने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। कुछ विशेष किस्म के प्लास्टिक को रिसाइकिल नही किया जा सकता इसलिए उनका इसी तरह ईंधन के रुप में उपयोग किया जाएगा।
-डॉ. मनोज कांडपाल, नगर स्वास्थ्य अधिकारी, हल्द्वानी
