काशीपुर: पुलिस ने दो दिनों में साढ़े पांच सौ ई-रिक्शाओं का किया सत्यापन
काशीपुर, अमृत विचार। बिना पंजीयन कराए मार्ग पर फर्राटा भरने वाले ई-रिक्शाओं पर अंकुश लगाने के लिए दैनिक अमृत विचार की खबर का संज्ञान लेकर पुलिस की ओर से दो दिनों में करीब साढ़े पांच सौ से अधिक ई-रिक्शाओं का सत्यापन किया गया है। दरअसल करीब छह वर्षो से शहर में लोगों की सुविधाओं के …
काशीपुर, अमृत विचार। बिना पंजीयन कराए मार्ग पर फर्राटा भरने वाले ई-रिक्शाओं पर अंकुश लगाने के लिए दैनिक अमृत विचार की खबर का संज्ञान लेकर पुलिस की ओर से दो दिनों में करीब साढ़े पांच सौ से अधिक ई-रिक्शाओं का सत्यापन किया गया है।
दरअसल करीब छह वर्षो से शहर में लोगों की सुविधाओं के लिए ई-रिक्शाओं का प्रचलन शुरू हुआ। वर्तमान में करीब 4 हजार से अधिक ई-रिक्शाएं शहर में संचालित होती है। जबकि एआरटीओ कार्यालय में करीब तीन हजार ई-रिक्शाएं ही पंजीकृत है। इनमें से भारी संख्या में शहर के अलावा यूपी के ठाकुरद्वारा, अलीगंज व आसपास क्षेत्र के लोग बिना पंजीकरण कराए ई-रिक्शाओं में सवारियां ढो रहे हैं।
अधिकांश ऐसी ई-रिक्शाओं में फटी सीटे, टूटी हेड लाइट, हॉर्न बिना, कम ब्रेक होने के बाद भी चालक बेतरतीब ढंग से दौड़ाते हैं। इस कार्य में कुछ नाबालिक भी नियमों की अवहेलवा कर ई-रिक्शा चालक बने हैं। जिसके चलते हादसों की आशंका बनी हुई है। बिना पंजीकृत ई-रिक्शा चालक विभाग को चूना लगाकर मुनाफा कमाने में लगे हैं। 17 फरवरी को दैनिक अमृत विचार समाचार पत्र में बिना पंजीकृत सैकड़ों ई-रिक्शा ढो रहे सवारी शीर्षक से समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किया था। 24-25 फरवरी को पुलिस ने श्रीराम लीला मैदान में शिविर लगाकर पांच सौ से अधिक ई-रिक्शाओं का सत्यापन किया।
बाहरी क्षेत्र की ई-रिक्शाओं पर अंकुश लगाने के लिए ई-रिक्शाओं का सत्यापन किया गया है। चालक दस्तावेज पूरे कराकर ही मार्ग पर चले। पुलिस सत्यापन के बाद ई-रिक्शाओं के मार्ग और बिना पंजीयन पाए जाने पर मार्ग से हटाया जाएगा।
प्रमोद कुमार, एसपी, काशीपुर
