हल्द्वानी: हार्ट अटैक आने पर महिला को अस्पताल की बजाय झाड़-फूंक कराने ले गए, मौत

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

हल्द्वानी, अमृत विचार। समाज में व्याप्त झाड़-फूंक की कुरीति से एक महिला की जान चली गई। ह्दयघात की पीड़ित महिला को परिजन अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़फूंक करने वाले के पास ले गए। जब झाड़फूंक वाले ने हाथ खड़े कर दिए तो अस्पताल की याद आई, लेकिन तब तक इलाज में देरी के चलते …

हल्द्वानी, अमृत विचार। समाज में व्याप्त झाड़-फूंक की कुरीति से एक महिला की जान चली गई। ह्दयघात की पीड़ित महिला को परिजन अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़फूंक करने वाले के पास ले गए। जब झाड़फूंक वाले ने हाथ खड़े कर दिए तो अस्पताल की याद आई, लेकिन तब तक इलाज में देरी के चलते महिला दम तोड़ चुकी थी।

मोटाहल्दू के जयपुर बीसा निवासी देवकी देवी (45) पत्नी मुन्ना लाल की सुबह छह बजे उठकर घर के आंगन में मुंह धोने गई थी। तभी उसकी तबियत बिगड़ गई और वह गश खाकर जमीन पर गिर पड़ी। महिला के तबियत बिगड़ने को कथित हवा का असर मानकर परिजन और पड़ोसी झाड़फूंक करने वाले एक व्यक्ति के पास ले गए। तांत्रिक ने अपना तथाकथित इलाज शुरू किया, लेकिन महिला की हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। आखिरकार महिला को मरणासन्न हालत में देखकर झाड़-फूंक करने वाले के भी हाथपांव फूल गए। उसने परिजनों को तुरंत अस्पताल ले जाने को कहा।

इसके बाद महिला को एसटीएच लाया गया, जहां लगभग सुबह नौ बजे चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। इधर, पोस्टमॉर्टम में पता चला कि महिला की मौत ह्रदयघात के चलते हुई थी। झाड़फूंक वाले को दिखाने में तीन घंटा बर्बाद न हुआ होता और समय रहते महिला को इलाज मिल जाता तो जान बच सकती थी।

संबंधित समाचार