अल्मोडा: बुजुर्ग के खाते से उड़ाई 50 हजार की रकम
अल्मोड़ा, अमृत विचार। साइबर क्राइम का जिले में एक और मामला प्रकाश में आया है। साइबर अपराधियों ने बीएसएफ के सेवानिवृत्त 71 वर्षीय कर्मचारी को झांसे में लेकर उनके एकाउंट से 50 हजार रुपये निकाल लिए किंतु पुलिस और साइबर सेल की त्वरित कार्यवाही से यह रकम वापस खाते में आ गई। मामले के अनुसार …
अल्मोड़ा, अमृत विचार। साइबर क्राइम का जिले में एक और मामला प्रकाश में आया है। साइबर अपराधियों ने बीएसएफ के सेवानिवृत्त 71 वर्षीय कर्मचारी को झांसे में लेकर उनके एकाउंट से 50 हजार रुपये निकाल लिए किंतु पुलिस और साइबर सेल की त्वरित कार्यवाही से यह रकम वापस खाते में आ गई।
मामले के अनुसार गत 28 मई की शाम द्वाराहाट थानांतर्गत ग्राम देरी निवासी 71 वर्षीय सेवानिवृत्त बीएसएफ कर्मचारी देवकी नन्दन तिवारी पुत्र कवि दत्त तिवारी को अज्ञात व्यक्ति ने मोबाइल से फोन किया और खुद को बैंक मैनेजर बताते हुए विश्वास में ले लिया और उनके खाते और एटीएम संबंधी जानकारी के साथ ही सीवीवी व ओटीपी नम्बर भी प्राप्त कर ली।
फिर इस गोपनीय जानकारी का दुरुपयोग करते हुए उनके खाते से 50,000 रुपये ऑनलाइन एप के जरिये निकाल लिये। जब देवकी नंदन तिवारी को खुद के साथ धोखा व चार सौ बीसी होने का अंदेशा हुआ, तो उन्होंने 29 मई को थाना द्वाराहाट में शिकायत दर्ज की। थाना द्वाराहाट के उप निरीक्षक मोहन सिहं सौन ने पुलिस के साइबर सेल अल्मोड़ा से समन्वय स्थापित की। इसके बाद कांस्टेबिल मोहन बोरा द्वारा आवश्यक कार्यवाही की। फलस्वरूप देवकी नंदन तिवारी के खाते से आहरित 50,000 रुपये की धनराशि उनके खाते में वापस आ गयी है। उन्होंने बड़ी चपत लगने से बचाने के लिए पुलिस व साईबर सेल की कार्यवाही की प्रशंसा की और आभार प्रकट किया।
एसएसपी ने जनता से की अपील
एसएसपी पंकज भट्ट ने जनपदवासियों से अपील है कि साईबर अपराधियों से बचने का उपाय सिर्फ सर्तकता एवं जागरूकता ही है। उन्होंने सचेत करते हुए कहा कोरोना संक्रमण के साथ-साथ साइबर अपराधियों ने भी अपना आपराधिक संक्रमण तेजी से फैलाया है। उन्होंने कहा कि यदि आप गूगल पे, फोन पे, पेटीएम आदि प्रयोग कर रहे हैं, तो ठगी की संभावना बढ़ जाती हैं, इसमें सावधान रहने की अत्यंत जरूरत है।
उन्होंने अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल पर विश्वास न करें और अपने बैंक एकाउन्ट की निजी जानकारी किसी से भी शेयर न करें और न ही किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करें। फिर भी यदि कोई भी व्यक्ति ठगी का शिकार होता है, तो तत्काल नजदीकी थाना, राजस्व उप निरीक्षक अथवा साईबर सेल अल्मोड़ा को सूचित करें।
