हल्द्वानी: अब पता चलेगा कि कौन पुलिस कर्मी है इक्कीस और कौन उन्नीस…
गौरव पांडेय, हल्द्वानी। अब पता चलेगा कि कोतवाली में कौन पुलिस कर्मी इक्कीस है और कौन उन्नीस। पुलिस कर्मियों को बुलाने के लिए उनके पास कभी भी सरप्राइज रोल कॉल आ सकती है। पुलिस कर्मियों के रिस्पांस टाइम की जांच के लिए अधिकारी उन्हें सरप्राइज कॉल करेंगे। इसमें देखा जाएगा कि पुलिस कर्मी कॉल के …
गौरव पांडेय, हल्द्वानी। अब पता चलेगा कि कोतवाली में कौन पुलिस कर्मी इक्कीस है और कौन उन्नीस। पुलिस कर्मियों को बुलाने के लिए उनके पास कभी भी सरप्राइज रोल कॉल आ सकती है। पुलिस कर्मियों के रिस्पांस टाइम की जांच के लिए अधिकारी उन्हें सरप्राइज कॉल करेंगे। इसमें देखा जाएगा कि पुलिस कर्मी कॉल के बाद कितने समय के भीतर कोतवाली पहुंचे। उनका रिस्पांस टाइम क्या रहा। त्वरित रिस्पांस नहीं मिलने पर पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई भी होगी।
पुलिस कर्मियों के रिस्पांस टाइम को जांचने के लिए हल्द्वानी में सरप्राइज रोल कॉल करने की रणनीति बनाई गई है। इसके तहत कोतवाली में तैनात पुलिस कर्मियों को 24 घंटे के भीतर कभी भी उच्चाधिकारियों की ओर से बुलाया जा सकता है। सरप्राइज रोल कॉल के जरिये देखा जाएगा कि बुलाए गए पुलिस कर्मियों का रिस्पांस टाइम कितना रहा। उनके पहुंचने का समय रजिस्टर में अंकित किया जाएगा। कोतवाल मनोज रतूड़ी का कहना है कि इसका उद्देश्य अधीनस्थों के रिस्पांस टाइम की जांच करना और कमी पाए जाने पर सुधार लाना है। त्वरित रिस्पांस टाइम मिलने पर पुलिस कर्मी प्रोत्साहित किए जाएंगे। जबकि देरी से पहुंचने वालों पर कार्रवाई भी होगी।
क्या है सरप्राइज रोल कॉल
दरअसल, पुलिस कर्मियों के रिस्पांस टाइम की जांच के लिए सरप्राइज रोल कॉल की जाती है। इसके तहत उन्हें अचानक कॉल कर बुलाया जाता है। इसके जरिये देखा जाता है कि कॉल करने पर पुलिस कर्मियों ने नियत स्थान पर पहुंचने में कितना समय लिया। सरप्राइज कॉल से पुलिस कर्मियों की तत्परता और कुशलता का पता चलता है। इससे पता चलता है कि अपराध घटित होने या फिर किसी अन्य अहम सूचना पर पुलिस कर्मी कितनी संजीदगी बरतते हैं।
कोतवाली के छह किमी के दायरे में ही रहना होगा
कोतवाली में तैनात सभी पुलिस कर्मियों को छह किमी के दायरे में ही रहना होगा। इससे ड्यूटी के दौरान उनका रिस्पांस टाइम बेहतर होगा। कोतवाल ने सभी पुलिस कर्मियों को छह किमी के दायरे में ही निवास करने के निर्देश दिए हैं। अक्सर देखा जाता है कि कोतवाली में तैनात पुलिस कर्मी अपने सुविधाजनक स्थानों पर निवास करते हैं। कोतवाली से दूर रहने पर उनके रिस्पांस टाइम में कमी आती है। इसका असर लॉ एंड ऑर्डर पर पड़ता है।
