हल्द्वानी: एक किलकारी के लिए पहाड़ में 136 किमी चलती है खुशियों की सवारी
नरेन्द्र देव सिंह, हल्द्वानी। पहाड़ और मैदान की स्वास्थ्य सेवाओं में काफी अंतर है। मैदानी इलाकों में जहां स्वास्थ्य केंद्र नजदीक ही मिल जाते हैं, वहीं पर्वतीय क्षेत्रों में प्रसव की अच्छी सुविधा के लिए गर्भवती महिलाओं को काफी दूर तक यात्रा करनी पड़ती है। खुशियों की सवारी की कुल यात्रा करने के विवरण से …
नरेन्द्र देव सिंह, हल्द्वानी। पहाड़ और मैदान की स्वास्थ्य सेवाओं में काफी अंतर है। मैदानी इलाकों में जहां स्वास्थ्य केंद्र नजदीक ही मिल जाते हैं, वहीं पर्वतीय क्षेत्रों में प्रसव की अच्छी सुविधा के लिए गर्भवती महिलाओं को काफी दूर तक यात्रा करनी पड़ती है। खुशियों की सवारी की कुल यात्रा करने के विवरण से यह बात सामने आई है।
शिशु मातृ सुरक्षा के लिहाज से खुशियों की सवारी कुमाऊं में अहम भूमिका निभाती है। राज्य सरकार की ओर से गर्भवती महिलाओं को सही समय पर अस्पतालों में पहुंचाने के लिए इस सेवा का इस्तेमाल किया जाता है। इस सेवा की शुरूआत ही इसलिए की गई थी कि पहाड़ और मैदानी सभी जगह खुशियों की सवारी से गर्भवती महिलाओं को सही समय पर अस्पताल लेकर पहुंच जाएं।
पहाड़ों में खुशियों की सवारी के इस्तेमाल में अल्मोड़ा जनपद काफी आगे है। हालांकि बड़ा जिला होने और दुर्गम इलाकों में स्वास्थ्य सेवाएं कम होने की वजह से गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए घर से दूर के स्वास्थ्य केंद्रों में जाना पड़ता है। यह अंतर मैदानी जनपदों की तुलना में काफी बड़ा है। खुशियों की सवारी के इस्तेमाल के मामले में कुमाऊं में पहले नंबर पर यूएसनगर जनपद है। यहां पर पिछले दो माह में 552 केसों में इस वाहन का इस्तेमाल किया गया।
इस दौरान जनपद में इन वाहनों ने 15,886 किमी की यात्रा की। इस लिहाज से देखें तो प्रति केस के मामले में खुशियों की सवारी को 28.77 किमी चलना पड़ा। अब पहाड़ी जनपद अल्मोड़ा की बात करें तो यहां अप्रैल और मई में कुल 147 मामले खुशियों की सवारी को मिले। इस दौरान कुल वाहनों को 17,800 किमी की यात्रा करनी पड़ी। औसत देखें तो एक केस के लिए वाहन को 121 किमी तक जाना पड़ता है। यह सफर पिथौरागढ़ में और भी ज्यादा बढ़ जाता है। यहां एक गर्भवती महिला को अस्पताल पहुंचाने के लिए औसतन करीब 136 किमी तक जाना पड़ता है। इससे पहाड़ और मैदान की स्वास्थ्य सेवाओं के हाल पता चलते हैं।
जनपद अप्रैल-मई में कुल किमी चली खुशियों की सवारी कुल केस प्रति केस किमी
यूएसनगर 15886 552 28.77
नैनीताल 31882 333 95.74
अल्मोड़ा 17800 141 126.24
बागेश्वर 4241 60 70.68
पिथौरागढ़ 16837 123 136.88
चंपावत 6899 103 66.98
