Post Covid Recovery से गुजर रहे हैं आप तो Hamdard Laboratories इस तरह समस्या का करेगी समाधान
नई दिल्ली। यूनानी ब्रांड हमदर्द लैबोरेटरीज़ (मेडिसिन डिविजन) ने नेशनल डॉक्टर्स डे के अवसर पर डॉक्टरों एवं फ्रंटलाइन वॉरियर्स के प्रयासों को सलाम करने एवं उन्हें सम्मानित करने के लिये एक पहल लॉन्च की है। इस पहल का उद्देश्य कोविड-19 महामारी से जंग में इन योद्धाओं के प्रयासों की सराहना करना एवं उन्हें सहयोग देना …
नई दिल्ली। यूनानी ब्रांड हमदर्द लैबोरेटरीज़ (मेडिसिन डिविजन) ने नेशनल डॉक्टर्स डे के अवसर पर डॉक्टरों एवं फ्रंटलाइन वॉरियर्स के प्रयासों को सलाम करने एवं उन्हें सम्मानित करने के लिये एक पहल लॉन्च की है। इस पहल का उद्देश्य कोविड-19 महामारी से जंग में इन योद्धाओं के प्रयासों की सराहना करना एवं उन्हें सहयोग देना है।
इस पहल के अंतर्गत, दिल्ली, गाजियाबाद, कानपुर, बैंगलोर, हैदराबाद और पटना में स्थित हमदर्द वेलनेस सेंटर्स में एक से पांच जुलाई तक मरीजों के लिये नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच एवं परामर्श की पेशकश की जायेगी। इसके साथ ही पोस्ट कोविड रिकवरी के दौर से गुजर रहे मरीजों की मदद भी की जायेगी। यह पहल डॉक्टर समुदाय का उनके अथक कार्यों के लिये शुक्रिया अदा करने और भविष्य के उनके प्रयासों में सहयोग करने का एक कदम है।
नेशनल डॉक्टर्स डे पहल पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये, अब्दुल मज़ीद, चेयरमैन, हमदर्द लैबोरेटरीज़ (मेडिसिन डिविजन) ने कहा, ”आज हम पूरे गर्व के साथ हमारे फ्रंटलाइन योद्धाओं के साथ खड़े हैं, जिन्होंने नि:स्वार्थ भाव से महामारी से प्रभावित लोगों की देखभाल की। महामारी के खिलाफ सुरक्षा की हमारी पहली लाइन के रूप में, उन्होंने यह सब देखा है। नेशनल डॉक्टर्स डे पर हमारे डॉक्टरों का अभिवादन करते हुये हम उनका दिल से आभार जताना चाहते हैं, कि उन्होंने पूरी लगन से काम करते हुये हर घर की खुशियों एवं स्वास्थ्य की रक्षा की।”
इस पहल के बारे में बताते हुये, सुमन वर्मा, चीफ मार्केटिंग ऑफिसर, हमदर्द लैबोरेटरीज़ (मेडिकल डिविजन) ने कहा, ”संकट के इस दौर में, हमारे डॉक्टरों ने हेल्थ प्रोफेशनल्स से कहीं ज्यादा बढ़कर भूमिकायें निभाई हैं। आइसोलेशन में रह रहे मरीजों के लिये, ये डॉक्टर्स उनका दूसरा परिवार बन गये हैं। इस महामारी से दुनिया के प्रभावित होने से पहले, हमारे समाज में डॉक्टरों की भूमिका इतनी महत्वपूर्ण कभी नहीं थी। अब समय आ गया है कि हम महामारी और दूसरी समस्याओं के बारे में डॉक्टरों की बातों को बहुत ध्यान से सुनें। ”स्वास्थ्य ही धन है” की कहावत अब शायद सबसे अच्छी तरह से लोगों को समझ में आ गई है।”
