लापरवाह वन विभाग की वजह से फिर एक मासूम बच्ची बनी गुलदार का निवाला
ज्योलीकोट, अमृत विचार। चोपड़ा गांव में पिछले करीब छह महीने से गुलदार का आंतक बना हुआ है। पिछले महीने की 8 तारीख को भानु राणा की ढाई वर्षीय बच्चे को गुलदार ने निवाला बनाया था। जिसके बाद आज करीब एक महीने बाद फिर पांच साल की बच्ची को तेदुएं ने निवाला बना लिया। बच्ची अपने …
ज्योलीकोट, अमृत विचार। चोपड़ा गांव में पिछले करीब छह महीने से गुलदार का आंतक बना हुआ है। पिछले महीने की 8 तारीख को भानु राणा की ढाई वर्षीय बच्चे को गुलदार ने निवाला बनाया था। जिसके बाद आज करीब एक महीने बाद फिर पांच साल की बच्ची को तेदुएं ने निवाला बना लिया। बच्ची अपने घर के आंगन में खेल रहीं थी तभी उस पर आचानक तेदुआं झपड़ पड़ा। गुलदार करीब घर से बीस मीटर की दूरी तक बच्ची को उठा कर ले गया। जिसके बाद ग्रामीण एकत्रित हो गए। ग्रामीणों ने हल्ला करते ही गुलदार बच्ची को छोड़कर चला गया। बच्ची को तुरंत हल्द्वानी के कृष्णा अस्पताल ले जाया गया। जिसके बाद डाक्टर ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया।
ग्रामीणों में आक्रोश, वन विभाग के अधिकारी सुनने को तैयार नहीं
ग्रामीणों में आक्रोश है कि वन विभाग को सूचित करने के बाद भी वन विभाग के अधिकारी और प्रशासन के आंखो पर काली पट्टी बदी हुई है। जब तक गांव में बढ़ा हादसा नहीं होता तब तक प्रशासन की नीद नहीं खुलती है। एक महीने से गांव के जनप्रतिनिधि औऱ ग्रामीणों की बार-बार शिकायत के बाद भी वन विभाग औऱ प्रशासन के अधिकारी के कोई कार्रवाई नहीं की।
