गरमपानी: गांव तो छोड़िए श्मशान को जाने वाला रास्ता ही बदहाल

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गरमपानी, अमृत विचार। आपदा के बाद से ही ग्रामीण रास्तों की सुध नहीं ली जा सकी है जिससे लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, अल्मोड़-भवाली राष्ट्रीय राजमार्ग के सिरसा गांव से कोसी नदी की ओर श्मशान घाट को जाने वाले रास्ता बदहाल स्थिति में है। इसके बावजूद कोई सुध …

गरमपानी, अमृत विचार। आपदा के बाद से ही ग्रामीण रास्तों की सुध नहीं ली जा सकी है जिससे लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, अल्मोड़-भवाली राष्ट्रीय राजमार्ग के सिरसा गांव से कोसी नदी की ओर श्मशान घाट को जाने वाले रास्ता बदहाल स्थिति में है। इसके बावजूद कोई सुध नहीं ली जा रही है।

बीते साल अक्टूबर में हुई मूसलाधार बारिश के बाद जगह-जगह भूस्खलन ने गांव को जाने वाले रास्तों को काफी नुकसान पहुंचाया। कई गांव के रास्ते अब भी क्षतिग्रस्त हालत में हैं। वहीं, अल्मोड़ा-भवाली राष्ट्रीय राजमार्ग से सिरसा गांव के समीप कोसी नदी पर स्थित श्मशान घाट को जाने वाले रास्ते का भी कोई सुधलेवा नहीं है। गांव के लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। शव को शमशान घाट तक पहुंचाने में दिक्कत उठानी पड़ रही है जिससे ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने तत्काल शमशान घाट को जाने वाले रास्ते को दुरुस्त करने की मांग उठाई है। चेतावनी दी है कि यदि उपेक्षा की गई तो फिर आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी।

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