हल्द्वानी: कुमाऊं की 122 नहरों पर कब्जा
यतीश शर्मा, अमृत विचार, हल्द्वानी। सिंचाई के लिए बनाई गई नहरों पर लोगों ने कब्जे कर रखे हैं। जबकि सिंचाई विभाग के जिम्मेदार अधिकारी नोटिस देने तक सीमित हैं। बात यदि पूरे कुमाऊं की करें तो 122 नहरों पर अवैध कब्जे हो चुके हैं। कुछ समय पहले विभागीय अधिकारियों ने कब्जाधारियों को नोटिस जारी किये। …
यतीश शर्मा, अमृत विचार, हल्द्वानी। सिंचाई के लिए बनाई गई नहरों पर लोगों ने कब्जे कर रखे हैं। जबकि सिंचाई विभाग के जिम्मेदार अधिकारी नोटिस देने तक सीमित हैं।
बात यदि पूरे कुमाऊं की करें तो 122 नहरों पर अवैध कब्जे हो चुके हैं। कुछ समय पहले विभागीय अधिकारियों ने कब्जाधारियों को नोटिस जारी किये। इससे उन लोगों में कुछ असर हुआ, लेकिन बाद में विभाग ने कोई कार्यवाही नहीं की तो उनके हौसले पुन: बुलंद हो गए।
पूरे कुमाऊं मंडल की बात करें तो यहां एक हजार से अधिक नहरें हैं। इन नहरों से मुख्यत: सिंचाई का कार्य किया जाता है। शहरों से गुजरकर गांव पहुंचने वाली इन नहरों के ऊपर अब कब्जे हो चुके हैं। इसमें कई ऐसी नहरें भी हैं जो कि ब्रिटिशकालीन हैं। तराई-भाबर से लेकर पहाड़ों की इन नहरों को कब्जों से मुक्त कराने के लिए सिंचाई विभाग ज्यादा गंभीर नहीं है। इसीलिए कार्रवाई सिर्फ नोटिस देने तक ही सीमित है।
नहरों को कब्जा मुक्त कराने के लिए कब्जाधारियों को चिह्नित कर नोटिस जारी किए थे। प्रशासन से भी मदद मांगी थी, लेकिन कोविड के कारण योजना को अमलीजामा नहीं पहनाया जा सका। अब चुनाव बाद पुन: योजनाबद्ध तरीके से नहरों को कब्जा मुक्त कराने के लिए अभियान चलाया जाएगा।
-चंद्रशेखर जोशी, मुख्य अभियंता कुमाऊं
कुल 1032 नहरें हैं मंडल में
अल्मोड़ा 175
चंपावत 74
पिथौरागढ़ 160
बागेश्वर 126
नैनीताल 271
ऊधमसिंह नगर 226
