हल्द्वानी: धनु राशि में मंगल ने बढ़ाया भाजपा का पराक्रम
हल्द्वानी, अमृत विचार। प्रदेश में विधानसभा चुनाव की मतगणना संपन्न हो चुकी है। भाजपा ने एक बार फिर पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बना ली है। ज्योतिषाचार्य मंजू जोशी और विजय पाठक के अनुसार ज्योतिषी में देखा जाए तो 14 फरवरी को प्रदेश में मतदान हुआ था उस दिन की कुंडली का गोचर देखते हैं …
हल्द्वानी, अमृत विचार। प्रदेश में विधानसभा चुनाव की मतगणना संपन्न हो चुकी है। भाजपा ने एक बार फिर पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बना ली है।
ज्योतिषाचार्य मंजू जोशी और विजय पाठक के अनुसार ज्योतिषी में देखा जाए तो 14 फरवरी को प्रदेश में मतदान हुआ था उस दिन की कुंडली का गोचर देखते हैं तो स्पष्ट होता है कि सूर्य और बृहस्पति कुंभ राशि में एक साथ होकर भाजपा के जीत का प्रबल योग बना रहे हैं।
जिस समय मतदान शुरू हुआ कुंभ लग्न भी जो कि रहस्यात्मक परिस्तिथि का स्पष्ट संकेत है जिस कारण इस चुनाव को जहां सभी एग्जिट पोल कांटे का संघर्ष बताते रहे वहीं मंगल का धनु राशि में होना और गुरु का कुंभ में होना बीजेपी को सत्ता प्राप्ति में सहायक था। यह स्तिथि बीजेपी के पराक्रम को बढ़ाने में सहायक हुई।
वहीं कांग्रेस की राशि मिथुन है जहां से राशि स्वामी बुध 8वें स्थान पर है जो कि सत्ता के लिए आत्मघाती है जिसके कारण कांग्रेस के टिकट बंटवारे की गलतियों ने कांग्रेस का बंटाधार कर दिया और कांग्रेस को सत्ता नहीं मिली। यदि क्रम मे अगर 10 मार्च मतगणना के दिन के गोचर को देखा जाए तो सूर्य और बृहस्पति का प्रबल योग बीजेपी की राशि से पराक्रम स्थान में है। इसी कारण बीजेपी पराक्रम करने में सफल हो गई। साथ ही मंगल का अपनी उच्च राशि में जाना और सत्ता की निरंतरता को दिखा रहा है। बीजेपी को दोबारा सत्ता प्राप्ति हुई।
कांग्रेस की कुंडली
कांग्रेस की कुंडली पर अगर गौर किया जाए तो मीन लग्न की और कन्या राशि की है। मंगल शनि और बृहस्पति तीनों मुख्य ग्रह वक्री हैं। कुंडली के सप्तम भाव में राहु और चंद्र का ग्रहण दोष बन रहा है। कुंडली के दशम भाव में शुक्र और सूर्य की युति है और उस पर बृहस्पति की दृष्टि है। कुंडली के पंचम भाव में मंगल नीच राशि ग्रह है।
लग्न भाव पर राहु- केतु का प्रभाव है। लग्नेश बृहस्पति चतुर्थ भाव में वक्री अवस्था में मिथुन राशि में हैं। उपरोक्त आधार पर और वर्तमान ग्रह दशाओं के आधार पर कहा जा सकता है कि वर्तमान समय कांग्रेस पार्टी के लिए बहुत ज्यादा उत्साहवर्धक तो नहीं कहा जा सकता, लेकिन बृहस्पति की महादशा में मंगल ग्रह की अंतर्दशा के कारण आंशिक लाभ हो सकता है। निष्कर्ष देखें तो इस प्रकार अगर ग्रहों एवं नक्षत्रों की स्थिति पर ध्यान दिया जाए तो हम यह देखते हैं कि हमें विभिन्न राज्यों में अलग-अलग स्थितियां देखने को मिल सकती हैं।
भारतीय जनता पार्टी
बीजेपी के लग्न राशि मिथुन है और चंद्र राशि वृश्चिक है। मंगल, बृहस्पति और शनि तीनों मुख्य ग्रह वक्री हैं। कुंडली के तीसरे भाव में अर्थात सिंह राशि में राहु, मंगल, बृहस्पति और शनि की युति है। शनि की साढ़े साती अंतिम दौर में चल रही है।
लग्नेश बुध और केतु की युति नवम भाव में है। वर्तमान समय में भारतीय जनता पार्टी की कुंडली में भी ग्रहों की दशा बहुत अनुकूल नहीं चल रही है, इसलिए कुछ जगहों पर भारतीय जनता पार्टी को समस्या का सामना करना पड़ सकता है और उम्मीद के मुताबिक परिणाम आने में थोड़ा संशय हो सकता है।
10 मार्च 2022 को जिस समय मतगणना शुरू हुई उस समय शनि मंगल बृहस्पति जैसा कोई भी बड़ा ग्रह वक्री अवस्था में नहीं है। बृहस्पति सूर्य से नजदीक होने के कारण अस्त अवस्था में हैं। दशम भाव का स्वामी मंगल द्वादश भाव में उच्च अवस्था में जो यह दर्शाता है कि सत्ता पक्ष को कुछ संघर्ष और अवरोधों का सामना करना पड़ेगा, लेकिन विजयी तय है।
