हल्द्वानी: मैदान में पिछड़ी तो पहाड़ में बनाई बढ़त

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

हल्द्वानी, अमृत विचार, हल्द्वानी। उत्तराखंड में भाजपा की सरकार बनने में पहाड़ के मतदाताओं का काफी योगदान रहा है। भाजपा ने यहां 26 पहाड़ी सीटें जीतीं हैं। जबकि मैदानी इलाकों से भाजपा को 15 सीटें ही मिली हैं। ऊधमसिंह नगर और हरिद्वार जिले में भाजपा को काफी नुकसान झेलना पड़ा है। हालांकि देहरादून और नैनीताल …

हल्द्वानी, अमृत विचार, हल्द्वानी। उत्तराखंड में भाजपा की सरकार बनने में पहाड़ के मतदाताओं का काफी योगदान रहा है। भाजपा ने यहां 26 पहाड़ी सीटें जीतीं हैं। जबकि मैदानी इलाकों से भाजपा को 15 सीटें ही मिली हैं। ऊधमसिंह नगर और हरिद्वार जिले में भाजपा को काफी नुकसान झेलना पड़ा है। हालांकि देहरादून और नैनीताल जिले की मैदानी सीटों पर भाजपा का अच्छा असर रहा है।

ऊधमसिंह नगर और हरिद्वार उत्तराखंड में पूरी तरह से मैदानी जिले हैं। इन जिलों में मैदानी मूल के लोगों के अच्छी संख्या है। माना जा रहा था कि मैदानी सीटों पर भाजपा को नुकसान हो सकता है। मतगणना के दिन यह दिख भी गया। ऊधमसिंह नगर जिले में भाजपा को पांच सीटें ही मिली हैं। जबकि कांग्रेस ने यहां चार सीटें जीती हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में ऊधमसिंह नगर जिले की जसपुर सीट से ही कांग्रेस का उम्मीदवार जीत पाया था। यहां की कुल 11 में से एक सीट ही कांग्रेस को मिली थी।

इस बार कांग्रेस ने इस जिले में वापसी करते हुए चार सीटें जीत लीं। फिर भी भाजपा इस जिले में कांग्रेस से आगे रही। हालांकि इसी जिले को भाजपा को बड़ा झटका लगा है। यहां की खटीमा सीट से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी चुनाव हार चुके हैं। हरिद्वार जिले की 11 विधानसभा सीटों में भाजपा को तीन सीटें मिली हैं। यहां कांग्रेस को 5, बसपा को 2 और एक निर्दलीय उम्मीदवार जीता है। जबकि पिछली बार इस जिले में भाजपा को सात सीटें मिली थीं।

बसपा का खाता भी नहीं खुला था। इस जिले से कांग्रेस को चार सीटें मिली थीं। देहरादून जिले की 12 में से दस मैदानी सीटों पर भाजपा ने बाजी मारी है। जबकि दो में से एक पहाड़ी सीट मंसूरी पर भाजपा ने जीत दर्ज की है। चकराता कांग्रेस के पास ही रही है। यहां पिछले साल का इतिहास दोहराया गया है। पिछले साल भी यही नतीजे थे। नैनीताल जिले में हल्द्वानी को छोड़कर बाकी सभी सीटें कांग्रेस के पास गई हैं।

मैदान में जीती कांग्रेस, पहाड़ में नहीं मिला साथ
हल्द्वानी। कांग्रेस ने मैदानी जिलों में अपेक्षाकृत सही प्रदर्शन किया। लेकिन पार्टी को पहाड़ में मतदाताओं का साथ नहीं मिला। इस वजह से कांग्रेस रेस से पूरी तरह से बाहर हो गई। मैदानी जिलों में भी कांग्रेस उन सीटों पर दमदार स्थिति में रही जहां अल्पसंख्यक मतदाताओं की अच्छी संख्या है।

पिथौरागढ़-भाजपा-2, कांग्रेस-2
बागेश्वर-भाजपा-2
अल्मोड़ा-भाजपा-5, कांग्रेस-1
चंपावत-भाजपा-1, कांग्रेस-1
नैनीताल-भाजपा-5, कांग्रेस-1
यूएसनगर-भाजपा-5, कांग्रेस-4
उत्तरकाशी-भाजपा-1, कांग्रेस-1, निर्दलीय-1
चमोली-भाजपा-4
रुद्रप्रयाग-2
टिहरी-भाजपा-5, कांग्रेस-1
पौड़ी-भाजपा-6
हरिद्वार-भाजपा-3, निर्दलीय-1, बसपा-2, कांग्रेस-5
देहरादून-भाजपा-11, कांग्रेस-1

संबंधित समाचार