हल्द्वानी: जायड्स वेलनेस कंपनी के कर्मचारियों ने किया प्रदर्शन
हल्द्वानी, अमृत विचार। शहर में जायड्स वेलनेस कंपनी की इंप्लॉइज यूनियन ने तालाबंदी करने के विरोध में धरना-प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना है कि कंपनी ने तीन महीने से पहले बिना किसी सूचना के उन्हें निकाल दिया। कर्मचारियों का कहना है कि कोर्ट ने तालाबंदी को अवैध करार दिया है। इसके बावजूद सरकार और श्रम …
हल्द्वानी, अमृत विचार। शहर में जायड्स वेलनेस कंपनी की इंप्लॉइज यूनियन ने तालाबंदी करने के विरोध में धरना-प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना है कि कंपनी ने तीन महीने से पहले बिना किसी सूचना के उन्हें निकाल दिया।
कर्मचारियों का कहना है कि कोर्ट ने तालाबंदी को अवैध करार दिया है। इसके बावजूद सरकार और श्रम विभाग की ओर से अभी तक कंपनी प्रबंधन के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि अब श्रम विभाग कंपनी कर्मचारियों की संख्या को भी कम बता रहा है, जिसके चलते कंपनी को अवैध घोषित करने में भी देरी की जा रही है।
मामले में उप श्रमायुक्त विपिन कुमार का कहना है कि कर्मचारियों की संख्या 1200 बताई गई थी, लेकिन कंपनी में केवल 107 स्थाई कर्मचारी हैं। बाकी कर्मचारी कॉन्ट्रैक्ट बेस पर कंपनी में रखे गए हैं।
उन्होंने कहा कि कंपनी के प्रबंधन व कर्मचारी दोनों पक्षों को बुलाया जाएगा, जिसके बाद ही मामले का निस्तारण हो सकेगा। इस दौरान जायड्स वेलनेस यूनियन के अध्यक्ष विकास सती ने बताया कि जायड्स कंपनी द्वारा बिना सूचना दिये कंपनी को रातोंरात बंद कर दिया गया। जबकि कंपनी बंद करने के लिए राज्य सरकार की अनुमति और 90 दिन पूर्व जानकारी देना जरूरी है।
कर्मचारियों द्वारा अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है। शिकायत मिलने के बाद ही कंपनी के अधिकारियों और यूनियन के कर्मचारियों के साथ बैठक की जाएगी, जिसके बाद समस्या का निस्तारण किया जाएगा।
-विपिन कुमार, उपश्रम आयुक्त, हल्द्वानी
