बहरिया गोलीकांड: पूर्व जिला पंचायत सदस्य सहित नौ के खिलाफ केस दर्ज

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Edited By Amrit Vichar
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मृतक के पिता ने आरोपी को छोड़ने का लगाया आरोप

प्रयागराज, अमृत विचार: जिले के बहरिया इलाके बीते मंगलवार को  मार्केट में एक मकान पर कब्जा करने को लेकर ताबड़तोड़ चली गोली में एक युवक की मौत हो गई थी। मामले में पुलिस ने शनिवार की देर शाम पूर्व जिला पंचायत सदस्य शशिकांत समेत नौ लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया है। इस मामले में क्राॅस एफआईआर भी दर्ज की गई है।

पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार करने के साथ घटना में उपयोग की गई टाटा सफारी गाड़ी को भी बरामद किया है। जिसमें मऊआईमा के जिला पंचायत सदस्य अभिषेक यादव उर्फ हिन्दू का भी नाम शामिल था। मृतक के पिता का आरोप है कि पुलिस घर अभिषेक को हिरासत में लेने के बाद उसे थाने से छोड़ दिया। मृतक के पिता ने सीएम योगी से गुहार लगाने की बात की है।  

बतादेंकि बहरिया बाजार धमौर मोड़ के पास बीते मंगलवार को मार्केट पर कब्जा करने को लेकर मऊआइमा के जिला पंचायत सदस्य अभिषेक यादव और गमरहटा के पूर्व जिला पंचायत सदस्य शशिकांत यादव के बीच विवाद हो गया था। जिसमें दोनों के समर्थक आपस में भिड़ गए थे। उस दौरान दोनों पक्षों की तरफ से ताबड़तोड़ गोलियां चली।घटना में गोली लगने से शशिकांत के पक्ष के सारीपट्टी बीडीसी आलोक यादव उर्फ़ मुलायम यादव की मौत हो गई थी। वहीं अभईपुर के रहने वाले बीडीसी सदस्य जितेंद्र यादव के जांघ में गोली लगी थी। जिन्हे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

घटना के बाद मृतक मुलायम यादव के पिता रामा यादव की तहरीर पर जिला पंचायत सदस्य अभिषेक यादव, उनके भाई वीरसेन यादव और चाचा गजराज यादव समेत नौ लोगों के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया था। पुलिस ने नामजद गजराज यादव व राहुल यादव और विवेचना में नाम आने के बाद सुनील कुमार, मुकेश कुमार यादव, राघवेंद्र सिंह, रिजवान को जेल भेज दिया था। वहीं शनिवार को पुलिस ने मामले में मऊआइमा के मोहम्मदपुर सराय अली गांव निवासी अजय कुमार मौर्या की तहरीर पर पूर्व जिला पंचायत सदस्य गमरहटा निवासी शशिकांत यादव, उसके भाई सुरेंद्र कुमार यादव, अभईपुर निवासी बीडीसी सदस्य जितेंद्र यादव सहित नौ लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।

थानाध्यक्ष रणविजय सिंह ने बताया कि नामजद सुरेंद्र कुमार यादव को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया है। घटना प्रयुक्त टाटा सफारी गाड़ी को भी कब्जे में लिया है। घटना में मिले डिजिटल साक्ष्य के आधार पर दूसरे पक्ष की भी रिपोर्ट दर्ज की गई है। रही बात अभिषेक को छोड़ने की तो उसके खिलाफ सबूत नहीं मिले है। सबूत मिलने के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।

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