इटावा की मंत्रवती: स्ट्रॉबेरी, ड्रैगनफ्रूट और रागी से सालाना हो रही 3 लाख की कमाई, गणतंत्र दिवस पर दिल्ली में बनेंगी विशेष अतिथि
लखनऊ, अमृत विचार: बेहतर नीति, मजबूत इच्छाशक्ति और आधुनिक सोच से इटावा की एक ग्रामीण महिला ने आत्मनिर्भरता की मिसाल कायम कर दी है। इटावा जिले के भतोरा गांव की रहने वाली मंत्रवती शाक्य आज गांव में रहकर स्ट्रॉबेरी, ड्रैगनफ्रूट और रागी की खेती से सालाना करीब तीन लाख रुपये की कमाई कर रही हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की रूरल डेवलपमेंट की विशेष प्लानिंग के तहत स्वयं सहायता समूहों से महिलाओं को जोड़ने और आधुनिक खेती का प्रशिक्षण देने का यह परिणाम है।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ने के बाद मंत्रवती ने पारंपरिक खेती से आगे बढ़ते हुए बाजारोन्मुख और लाभकारी फसलों को अपनाया। आठवीं तक शिक्षित मंत्रवती ने कोरोना काल में नई शुरुआत की। वह एक बीघा में स्ट्रॉबेरी (अक्टूबर–मार्च), तीन बीघे में ड्रैगनफ्रूट (छह माह में कटाई) और रागी जैसे मोटे अनाज की खेती करती हैं। ड्रैगनफ्रूट की खासियत यह है कि एक बार का निवेश 20 साल तक नियमित आमदनी देता है, जिससे उनकी आय स्थायी बनी हुई है।
महिलाओं को दे रहीं प्रशिक्षण, बन रहीं रोल मॉडल
मंत्रवती सिर्फ अपनी नहीं, बल्कि अन्य महिलाओं की भी तकदीर संवार रही हैं। वह जिले के अलग-अलग ब्लॉकों की 50 से अधिक महिलाओं को आधुनिक खेती का प्रशिक्षण दे चुकी हैं। उनका कहना है कि 12–15 महिलाओं का स्वयं सहायता समूह बनाकर शुरुआत की जा सकती है।
गणतंत्र दिवस पर दिल्ली में विशेष अतिथि
मंत्रवती की उपलब्धियों को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उन्हें दो बार सम्मानित कर चुके हैं। अब यह उनके लिए गौरव का क्षण है कि गणतंत्र दिवस पर नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर आयोजित परेड में वह प्रदेश की ओर से विशेष अतिथि के रूप में शामिल होंगी।
