अलीगंज अग्निकांड पोस्टमार्टम रिपोर्ट: दम घुटने से तड़पकर गई 15 जिंदगी, फेफड़ों और गले में जम गए थे कार्बन पार्टिकल्स
लखनऊ, अमृत विचार: अलीगंज अग्निकांड में सभी 15 युवकों की मौत दम घुटने से हुई थी। इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुई है। विशेषज्ञों के मुताबिक अग्निकांड के दौरान बिजली के तार, फर्नीचर के जलने से कार्बन पार्टिकल्स धुएं में घुल गये। भवन में फंसे युवकों व युवतियों को सांस लेने में दिक्कतें हुईं। इसी कार्बन पार्टिकल्स के गले व लंग्स में पहुंच जाने के कारण सांसें अवरूद्ध हो गई थी। गला व लंग्स चोक होने के कारण तड़पकर सभी की मौत हो गई।
फॉल सीलिंग में लगी थीं थर्माकोल और ज्वलनशील वस्तुएं
इमरात में स्थित लाइब्रेरी से जुड़े विश्वनाथ ने बताया कि वह यहां डेढ़ साल पहले आता था। उस समय लाइब्रेरी चलती थी। उसके बाद बंद हो गई। लाइब्रेरी दूसरे तल पर थी। वहां पर लगी फाल सीलिंग में काफी थर्माकोल और ज्वलनशील वस्तुएं लगी थी। इसके अलावा तार आदि भी फैले पड़े थे। अकसर इमारत में कहीं न कहीं शार्ट सर्किट होता था। कर्मचारी खुद ही उसे ठीक कर लेते थे। कोई भी विशेषज्ञ इलेक्ट्रीशियन अथवा बिजली विभाग का कर्मचारी नहीं बुलाते थे। फाल सीलिंग में लगे थर्माकोल और ज्वलनशील वस्तुओं के कारण भी आग भड़की।
इनकी गई जान:
अब्दुल रहमान, अम्मार, अनामिका, आदित्य श्रीवास्तव, जैनिल, ज्योति, नीलेश, सागर, संगम, शहजान, सौमाल्या, सुखमनी, अनुक्षा, भविष्य और सूरज शामिल हैं।
