Hardoi News : बायोमैट्रिक ने खोली फर्जीवाड़े की पोल! पहले 'आकाश', फिर 'अमित' बनकर पास की हाईस्कूल, टीईटी में धरा गया
पुलिस भर्ती की आयु सीमा में आने के लिए बदली जन्मतिथि और नाम, क्रेडेंशियल्स जांच में खुला पूरा खेल; धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज।
शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के दौरान शनिवार को हरदोई में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया। शहर के आर्य कन्या इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र पर बायोमेट्रिक केवाईसी के दौरान एक अभ्यर्थी का सत्यापन संदिग्ध मिलने पर जांच कराई गई, जिसमें खुलासा हुआ कि उसने अलग-अलग नाम, जन्मतिथि और पिता के नाम की स्पेलिंग में बदलाव कर दो बार हाईस्कूल परीक्षा पास की थी।
हरदोई, अमृत विचार। शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के दौरान शनिवार को हरदोई में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया। शहर के आर्य कन्या इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र पर बायोमेट्रिक केवाईसी के दौरान एक अभ्यर्थी का सत्यापन संदिग्ध मिलने पर जांच कराई गई, जिसमें खुलासा हुआ कि उसने अलग-अलग नाम, जन्मतिथि और पिता के नाम की स्पेलिंग में बदलाव कर दो बार हाईस्कूल परीक्षा पास की थी।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शनिवार सुबह कन्नौज निवासी अमित कुमार यादव टीईटी परीक्षा देने आर्य कन्या इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र पहुंचा था। परीक्षा शुरू होने से पहले बायोमेट्रिक केवाईसी के दौरान उसका डाटा सिस्टम से मेल नहीं खाया। इस पर केंद्र व्यवस्थापक ने तत्काल उच्च अधिकारियों को सूचना दी।
इसके बाद लखनऊ मुख्यालय से अभ्यर्थी के क्रेडेंशियल्स का सत्यापन कराया गया, जिसमें फर्जीवाड़े का खुलासा हो गया। सूचना मिलने पर एडीएम दीपाली भार्गव, एएसपी पश्चिमी मार्तंड प्रताप सिंह, सीओ सिटी अजीत सिंह चौहान तथा शहर कोतवाली प्रभारी संजय त्यागी परीक्षा केंद्र पहुंचे और आरोपी से पूछताछ के बाद उसे हिरासत में ले लिया।
एडीएम दीपाली भार्गव ने बताया कि जांच में सामने आया कि आरोपी ने दो अलग-अलग नामों से हाईस्कूल परीक्षा पास की थी। पहली बार वर्ष 2012 में मेरठ से उसने आकाश यादव के नाम से हाईस्कूल परीक्षा उत्तीर्ण की थी, जिसमें पिता का नाम कैलाश चंद्र यादव और जन्मतिथि 15 जून 1995 दर्ज थी।
वर्ष 2018 में कन्नौज से दोबारा पास की हाईस्कूल परीक्षा
इसके बाद वर्ष 2018 में उसने कन्नौज से दोबारा अमित कुमार यादव के नाम से हाईस्कूल परीक्षा पास की। इस बार पिता का नाम कैलाश चंद यादव और जन्मतिथि 4 अप्रैल 2002 दर्ज कराई गई। टीईटी परीक्षा का आवेदन भी उसने अमित कुमार यादव के नाम से किया था।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने पुलिस भर्ती परीक्षा की निर्धारित आयु सीमा में आने के उद्देश्य से अपनी उम्र कम दर्शाने के लिए यह फर्जीवाड़ा किया था। शहर कोतवाली प्रभारी संजय त्यागी ने बताया कि केंद्र व्यवस्थापक की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।
