Sultanpur News : अपहरण कर हत्या के सात दोषियों को उम्रकैद, कोर्ट ने 1.40 लाख रुपए अर्थदंड भी लगाया
अर्थदण्ड की पूरी राशि मृतक की मां को क्षतिपूर्ति के रूप में देने का आदेश
सुलतानपुर के 2009 के चर्चित अपहरण और हत्या मामले में अदालत ने सात दोषियों को आजीवन कारावास और 1.40 लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने जुर्माने की पूरी राशि मृतक की मां को क्षतिपूर्ति के रूप में देने का आदेश दिया।
विधि संवाददाता, सुलतानपुर, अमृत विचार : चांदा थाना क्षेत्र के वर्ष 2009 के बहुचर्चित अपहरण एवं हत्या कांड में अपर सत्र न्यायाधीश (पंचम) राकेश की अदालत ने सोमवार को सातों दोषियों को आजीवन कारावास तथा कुल 1.40 लाख के अर्थदंड से दंडित किया। अदालत ने आदेश दिया कि अर्थदंड की संपूर्ण राशि मृतक की मां को क्षतिपूर्ति के रूप में दी जाए। दोषसिद्धि के बाद अदालत ने सभी दोषियों को जेल भेज दिया।
अभियोजन पक्ष के एडीजीसी धीरेन्द्र प्रताप सिंह धीरू के अनुसार, चांदा थाना क्षेत्र के कोईरीपुर कंचन नगर निवासी विजय गुप्ता के पुत्र राजेश गुप्ता को 1 मई 2009 को काम कराने के बहाने घर से ले जाया गया था। इसके बाद आरोपियों ने उसकी हत्या कर शव को जलाकर साक्ष्य मिटाने का प्रयास किया। विवेचना के बाद पुलिस ने आरोपपत्र दाखिल किया, जिस पर लंबी सुनवाई चली।
अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत प्रत्यक्ष एवं परिस्थितिजन्य साक्ष्यों तथा गवाहों के बयानों को विश्वसनीय मानते हुए अदालत ने पन्नालाल अग्रहरि, मनोज कुमार, सत्यनारायण, सरिता, अनंतलाल अग्रहरी, मनोज कुमार साहू और राकेश अग्रहरी को दोषी ठहराया। सोमवार को सजा के बिंदु पर सुनवाई के बाद अदालत ने सभी सातों दोषियों को आजीवन कारावास एवं कुल 1.40 लाख के अर्थदंड से दंडित किया। साथ ही अर्थदंड की पूरी राशि मृतक की मां को क्षतिपूर्ति के रूप में दिए जाने का आदेश पारित किया।
