बरेली: 18 जनवरी से शुरू हो रहा सड़क सुरक्षा माह
अमृत विचार, बरेली। दोपहिया वाहन चालक घर से हेलमेट लेकर तो निकलते हैं, लेकिन उसे सिर पर न लगाकर या तो पीछे बैठी सवारी को पकड़ा देते हैं या फिर बाइक पर कहीं टांग लेते हैं। सीट बेल्ट तो कार में होती पर लगाते नहीं हैं। चलते वाहन पर मोबाइल पर बात करना तो आम …
अमृत विचार, बरेली। दोपहिया वाहन चालक घर से हेलमेट लेकर तो निकलते हैं, लेकिन उसे सिर पर न लगाकर या तो पीछे बैठी सवारी को पकड़ा देते हैं या फिर बाइक पर कहीं टांग लेते हैं। सीट बेल्ट तो कार में होती पर लगाते नहीं हैं। चलते वाहन पर मोबाइल पर बात करना तो आम हो गया है। ट्रैफिक लाइट खराब हैं, जेब्रा क्रासिंग की सफेद पट्टी ही खराब है। ट्रैफिक नियम का पालन करने वाले वाहन चालक हों या फिर पालन कराने के लिए होने वाली सुविधाओं में सुधार हो जाए, तो फिर 17 जनवरी से शुरू होने वाला सड़क सुरक्षा माह का मकसद पूरा हो जाएगा।
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के द्वारा प्रत्येक वर्ष सड़क सुरक्षा सप्ताह मनाया जाता है। लगातार सड़क हादसों में लोगों की जान गंवाने की वजह से इस बार 18 जनवरी से 17 फरवरी तक सड़क सुरक्षा माह मनाया जाएगा। इसकी थीम सड़क सुरक्षा-जीवन रक्षा रखी गई है। 20 जनवरी से 25 जनवरी तक प्रदेश पर जिला स्तर पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। 18 जनवरी को वॉकथान के साथ लोगों को शपथ दिलाई जाएगी।
कार्यक्रम का शुभारंभ जनप्रतिनिधियों के द्वारा कराया जाएगा। इसके अलावा सड़क सुरक्षा के बचाव के स्टीकर, पोस्टर व अन्य सामग्री का पब्लिक में वितरण किया जाएगा। 19 जनवरी को परिवहन विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों को सड़क सुरक्षा के संबंध में ऑनलाइन ट्रेनिंग दी जाएगी। ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को यातायात संकेतों के संचालन की ट्रेनिंग दी जाएगी। उनके कार्य व्यवहार व आचरण में सुधार कराया जाएगा।
जिला अस्पताल में वाहन चालकों का स्वास्थ्य और नेत्र का परीक्षण किया जाएगा। शिक्षा विभाग में मास्टर ट्रेनर के द्वारा शिक्षकों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरुक किया जाएगा। लोनिवि के इंजीनियर्स को सड़क सुरक्षा के संबंध ऑनलाइन ट्रेनिंग दी जाएगी। 20 जनवरी को जिला सड़क सुरक्षा समिति एंव क्षेत्रीय सांसद की अध्यक्षता में गठित सड़क सुरक्षा समिति की बैठक की जाएगी।
21 जनवरी को हेलमेट, सीट बेल्ट, फोन पर बात करके, शराब पीकर वाहन चलाने व अन्य नियम तोड़ने वालों को जागरुक करने के साथ चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। 25 जनवरी तक अलग-अलग कार्यक्रम किए जाएंगे। हादसे के वक्त लोगों की मदद करने वाले, ट्रैफिक पुलिसकर्मियों और डॉक्टर्स को रोड सेफ्टी चैपिंयस चुना जाएगा। इसके अलावा महिला की दो पहिया वाहन रैली भी निकाली जाएगी। इसके अलावा ब्लैक स्पॉट, खतरनाक पुलिया, अवैध कट व अन्य कमियों को भी दूर किया जाएगा।
