हल्द्वानी: मंदिर में कराया जा रहा था नाबालिग का विवाह, मौके पर पहुंच पुलिस ने रोका आयोजन
हल्द्वानी, अमृत विचार। काठगोदाम पुलिस की तत्परता से बाल विवाह रुक गया। पुलिस ने नाबालिग और परिजनों की काउंसलिंग कराई। इसके साथ ही मामले में जुड़े दोनों पक्षों के छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। नाबालिग को चाइल्ड हेल्प लाइन के जरिये धरोहर संस्था के संरक्षण में सौंप दिया गया। शुक्रवार को देहरादून …
हल्द्वानी, अमृत विचार। काठगोदाम पुलिस की तत्परता से बाल विवाह रुक गया। पुलिस ने नाबालिग और परिजनों की काउंसलिंग कराई। इसके साथ ही मामले में जुड़े दोनों पक्षों के छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। नाबालिग को चाइल्ड हेल्प लाइन के जरिये धरोहर संस्था के संरक्षण में सौंप दिया गया।
शुक्रवार को देहरादून से किसी ने पुलिस को 112 के जरिये काठगोदाम के कालीचौड़ मंदिर में बाल विवाह के आयोजन की जानकारी दी। इस सूचना पर उपनिरीक्षक भुवन राणा पुलिस टीम समेत मौके पर पहुंचे। मंदिर में शादी की तैयारी हो रही थी। पुलिस ने जांच-पड़ताल शुरू की तो भावी वधू की उम्र महज 16 साल निकली। इसके बाद पुलिस ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर आयोजन रुकवा दिया। सभी पक्षों को काठगोदाम थाना लाया गया। यहां वन स्टॉप सेंटर की सरोजिनी जोशी और अधिवक्ता संगीता टाकुली ने नाबालिग और परिजनों की काउंसलिंग की। भावी वर 24 साल का निकला।
दोनों पक्ष आपस में दूर के रिश्तेदार हैं। नाबालिग के माता-पिता हल्द्वानी में रहकर मजदूरी करते हैं। जबकि भावी वर पक्ष मूल रूप से उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी का निवासी है। काठगोदाम एसओ विमल मिश्रा ने बताया कि बाल विवाह के आरोप में नाबालिग के माता-पिता के साथ ही भावी वर, उसकी मां और दो मामा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। आरोपियों को धारा 41 के तहत नोटिस देकर छोड़ दिया गया।
