बरेली: 70 हजार अभिभावकों के खातों में जल्द पहुंचेगी धनराशि
बरेली, अमृत विचार। प्रदेश सरकार यूनिफॉर्म, स्वेटर, जूते-मोजे और बैग की खरीद खुद करने के लिए परिषदीय स्कूलों के हर छात्र के अभिभावक के खाते में 1100 रुपये भेज रही है लेकिन ठंड का सीजन अंतिम चरण में होने के बाद भी 20 फीसदी यानि करीब 70 हजार खातों में धनराशि अब तक नहीं पहुंची …
बरेली, अमृत विचार। प्रदेश सरकार यूनिफॉर्म, स्वेटर, जूते-मोजे और बैग की खरीद खुद करने के लिए परिषदीय स्कूलों के हर छात्र के अभिभावक के खाते में 1100 रुपये भेज रही है लेकिन ठंड का सीजन अंतिम चरण में होने के बाद भी 20 फीसदी यानि करीब 70 हजार खातों में धनराशि अब तक नहीं पहुंची है। इधर, विभागीय सूत्रों के मुताबिक बचे अभिभावकों के खातों में चुनाव से पूर्व ही धनराशि पहुंच जाएगी।
जिले में बेसिक के स्कूलों में कुल 3 लाख 52 हजार छात्र पंजीकृत हैं। इनमें से 20 फीसदी बच्चों के अभिभावकों के खातों में धनराशि नहीं पहुंची है। कुछ बच्चों के अभिभावकों के खाते नॉन सीडेड होने की वजह से भी छूटे गए थे। हालांकि, डीबीटी के लिए प्रक्रिया चल रही है। अभी शिक्षकों को अभिभावकों का खाता बंद होने व अन्य कारणों से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बीएसए विनय कुमार ने बताया कि जल्द ही सभी पात्रों के अभिभावकों के खाते में धनराशि भेजे जाने की प्रक्रिया भी पूर्ण की जाएगी।
स्कूल खुलते तो होती बच्चों को दिक्कत
शीतकालीन अवकाश के चलते बच्चों के लिए विद्यालय 15 जनवरी तक बंद थे। इसके बाद कोरोना संक्रमण से बचाव के मद्देनजर विद्यालयों को आगामी छह फरवरी तक बंद रखने के आदेश हुए हैं। स्कूल खुला रहता तो बच्चों को ठंड में स्वेटर आदि की अनुपलब्धता में दिक्कतों का सामना करना पड़ता। डीबीटी की धनराशि मिलने के भी सामग्रियों को क्रय नहीं करने की मुख्य वजह धनराशि का अपर्याप्त होना बताया जा रहा है।
