नैनीताल छोड़, पांचों विधानसभाओं में प्रत्याशियों से ज्यादा पड़ा नोटा
हल्द्वानी, अमृत विचार। उत्तराखंड विधानसभा का परिणाम घोषित हो चुका है। लेकिन जानकर हैरानी होगी कि इस बार भी नैनीताल को छोड़ पांच विधानसभा सीटों पर कई प्रत्याशियों से अधिक लोगों ने नोटा को चुना। 2022 के विधानसभा चुनाव में छह विधानसभा सीटों पर कुल 5050 नोटा का इस्तेमाल हुआ है। साल 2017 के विधानसभा …
हल्द्वानी, अमृत विचार। उत्तराखंड विधानसभा का परिणाम घोषित हो चुका है। लेकिन जानकर हैरानी होगी कि इस बार भी नैनीताल को छोड़ पांच विधानसभा सीटों पर कई प्रत्याशियों से अधिक लोगों ने नोटा को चुना। 2022 के विधानसभा चुनाव में छह विधानसभा सीटों पर कुल 5050 नोटा का इस्तेमाल हुआ है।
साल 2017 के विधानसभा चुनाव में नोटा (इनमें से कोई नहीं) का विकल्प चुनने में उत्तराखंड की 70 विधानसभा में रहने वाले 50 हजार से अधिक लोगों ने किसी प्रत्याशी को वोट देने के बजाय नोटा का विकल्प चुना था। उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव में पहली बार नोटा का विकल्प 2017 में प्रयोग में लाया गया। 2022 के विधानसभा चुनाव के वोटिंग प्रक्रिया समाप्त होने के बाद जब चुनाव परिणाम घोषित किया गया तो आंकड़ा चौंकाने वाला रहा। नोटा की वजह से कई प्रत्याशी पिछड़ गए।
नैनीताल विधानसभा सीट को छोड़कर कालाढूंगी, हल्द्वानी, रामनगर, लालकुआं व भीमताल में तकरीबन 28 प्रत्याशी नोटा से पीछे हो गए। इस चुनाव में लालकुआं में 689, रामनगर में 915, भीमताल में 792, कालाढूंगी में 1428, हल्द्वानी में 559 व नैनीताल में 695 लोगों ने नोटा का बटन दबाया।
विधानसभा क्षेत्र प्रत्याशी वोट
लालकुआं पृथ्वीपाल सिंह रावत 410
बहादुर सिंह जांगी 324
मनोज पांडे 96
राम सिंह 103
नवीन चंद्र पंत 162
वीरेंद्रपुरि महाराज 527
रामनगर
अब्दुल गुफ्फार 346
चिंत राम 332
राकेश चौहान 269
जगदीश चंद्र पांडे 147
मोहसिन खान 398
भीमताल विक्रम सिंह 541
सुरेश चंद्र आर्य 398
कालाढूंगी
सुरेंद्र लाल आर्य 1408
प्रकाश चंद्र 147
मोहन कांडपाल 351
राजेंद्र कुमार वालिया 123
चंद्र सिंह तिवारी 95
जगत सिंह रावत 259
भगवान सिंह 385
सुमानियता 467
हल्द्वानी
अनिल कुमार सिंह 244
महिपाल सिंह 59
रवि वाल्मिकी 112
उमेश चंद्र जोशी 289
दिव्यांशु वर्मा 119
प्रशांत कुमार नेगी 269
राजेंद्र कुमार गुप्ता 177
