हल्द्वानी: जल संस्थान बनाएगा सब डिवीजन स्तर की आधुनिक लैब
127 वर्ग मीटर क्षेत्र में 40 लाख रुपए से बनेगा भवन
लैब के साथ ही अप्रेंटिस और रिपोर्ट रूम भी बनेगा वर्तमान लैब एक छोटे से कमरे में है संचालित जल जीवन मिशन के सैंपल टेस्ट की संख्या बढ़ने से आ रही हैं समस्याएं लैब में होता है जल परीक्षण
हल्द्वानी, अमृत विचार। जल संस्थान जल्द ही एक नई लैब के लिए भवन बनाने जा रहा है। इस भवन में बनने वाली लैब सब डिवीजन स्तर की लैब है। इसके साथ ही रामनगर, डीडीहाट और मासी में भी लैब का निर्माण होना है।
जल संस्थान के सहायक अभियंता रविंद्र सिंह ने बताया कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत चल रही योजनाओं को मार्च 2024 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है जिस कारण पानी के सैंपल टार्गेट बढ़ गए हैं। उन्होंने बताया कि लैब में पानी का परीक्षण किया जाता है।
नई पेयजल योजना में काम शुरू होने से पहले पानी की गुणवत्ता की जांच की जाती है। जांच में निर्धारित मानकों में खरा उतरने पर ही पेयजल योजना स्वीकृत की जाती है।
वर्षों पुरानी लैब में आ रही हैं कई समस्याएं
वर्तमान में जल संस्थान की लैब एक छोटे से कमरे में संचालित की जाती है। सहायक अभियंता रविंद्र सिंह ने बताया कि जल संस्थान के कार्यालय भवन के दूसरी मंजिल में एक छोटे से कमरे में लैब का संचालन किया जाता है।
बहुत पुरानी लैब होने और लैब के साथ ही अप्रैटिंस रूम और रिपोर्ट रूम होने से काम करने में बहुत समस्याएं सामने आती हैं जिस कारण एक नए भवन का निर्माण किया जा रहा है जिसमें लैब और इससे जुड़े अन्य कार्यों के लिए अलग अलग सेक्शन होंगे जिससे तकनीकी कार्यों में समस्याएं नहीं आएंगी।
उन्होंने बताया कि 40 लाख रुपए से 127 वर्ग मीटर क्षेत्र में इस भवन का निर्माण किया जाएगा। जल परीक्षण में क्लोराइड आयन, फॉस्फेट, नाइट्राइट, नाइट्रेट, पानी की हार्डनेस, बायोलॉजिकल ऑक्सीजन डिमांड बीओडी के साथ ही बैक्टीरिया टेस्ट, मिनरल टेस्ट और पीएच टेस्ट किया जाता है।
