अनोखी परंपरा : कूपर्स हिल की रोमांचक ‘चीज रोलिंग’ दौड़
इंग्लैंड के ग्लॉस्टरशायर स्थित छोटे से गांव ब्रॉकवर्थ में हर वर्ष मई महीने के अंत में एक बेहद अनोखा और रोमांचक उत्सव आयोजित किया जाता है, जिसे कूपर्स हिल चीज-रोलिंग एंड वेक के नाम से जाना जाता है। इस परंपरा में नौ पाउंड (लगभग चार किलोग्राम) वजन वाले डबल ग्लॉस्टर चीज के पहिए को कूपर्स हिल नामक खड़ी पहाड़ी से नीचे लुढ़काया जाता है और उसके पीछे दर्जनों प्रतिभागी दौड़ पड़ते हैं।
पहली नजर में यह एक साधारण खेल लग सकता है, लेकिन वास्तव में यह दुनिया की सबसे जोखिमभरी प्रतियोगिताओं में से एक मानी जाती है। कूपर्स हिल की ढलान इतनी तीखी है कि प्रतियोगी अक्सर संतुलन खो बैठते हैं और लुढ़कते हुए नीचे पहुंचते हैं। दौड़ के दौरान गिरने, चोट लगने और हड्डियां टूटने जैसी घटनाएं भी सामने आती रहती हैं। इसके बावजूद हर साल सैकड़ों प्रतिभागी और हजारों दर्शक इस आयोजन में शामिल होते हैं।
इस प्रतियोगिता का इतिहास कई सौ वर्ष पुराना माना जाता है। हालांकि इसकी सटीक शुरुआत कब हुई, इसका कोई आधिकारिक रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है, लेकिन स्थानीय लोगों का मानना है कि यह परंपरा कम से कम 200 वर्ष से भी अधिक पुरानी है। कुछ इतिहासकार इसे प्राचीन कृषि परंपराओं और वसंत ऋ तु के स्वागत से भी जोड़ते हैं। दौड़ की शुरुआत होते ही चीज का पहिया पहाड़ी से नीचे छोड़ा जाता है। चूंकि चीज की गति बहुत तेज हो जाती है, इसलिए उसे पकड़ पाना लगभग असंभव होता है। नियम के अनुसार जो प्रतिभागी सबसे पहले पहाड़ी के नीचे फिनिश लाइन तक पहुंचता है, वही विजेता घोषित किया जाता है और उसे पुरस्कार स्वरूप वही चीज का पहिया दिया जाता है।
सुरक्षा कारणों से कई बार प्रशासन ने इस आयोजन को रोकने या नियंत्रित करने का प्रयास किया है, लेकिन स्थानीय समुदाय और परंपरा प्रेमियों के उत्साह के आगे यह उत्सव लगातार जारी है। आज यह केवल एक स्थानीय आयोजन नहीं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय आकर्षण बन चुका है। दुनियाभर से पर्यटक और साहसिक खेलों के शौकीन लोग इसे देखने और इसमें भाग लेने के लिए ब्रॉकवर्थ पहुंचते हैं। कूपर्स हिल की चीज़-रोलिंग प्रतियोगिता इस बात का अनूठा उदाहरण है कि कैसे परंपरा, साहस और सामुदायिक उत्साह मिलकर एक साधारण आयोजन को विश्व प्रसिद्ध उत्सव में बदल सकते हैं।
