लखनऊ अग्निकांड के बाद पूरे यूपी में हाहाकार: 3172 कोचिंग संस्थानों का फायर ऑडिट शुरू, 1000 से ज्यादा बिल्डिंग्स को नोटिस... फर्जी सेंटरों ने बोर्ड उखाड़े
कार्रवाई के डर से कई अपंजीकृत संस्थानों ने रातोंरात हटाए बोर्ड, भूमिगत हुआ कारोबार
लखनऊ, अमृत विचार: लखनऊ के अलीगंज कोचिंग अग्निकांड में 15 युवाओं की मौत के बाद पूरे प्रदेश में कोचिंग संस्थानों के खिलाफ बड़े पैमाने पर कार्रवाई जारी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर बुधवार को भी प्रदेशभर में छापेमारी का अभियान जारी रहा। कार्रवाई से घबराए कई फर्जी और अपंजीकृत कोचिंग संचालकों ने अपने संस्थानों के बोर्ड तक उखाड़ दिए, लेकिन कई जगहों पर भीतर ही भीतर पढ़ाई का धंधा जारी है।
उच्च शिक्षा विभाग ने पहले चरण में प्रदेश के 72 जिलों में पंजीकृत 3,172 कोचिंग संस्थानों के फायर सेफ्टी ऑडिट की मॉनिटरिंग शुरू कर दी है। साथ ही जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि अपंजीकृत संस्थानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई में किसी प्रकार की ढिलाई न बरती जाए। शासन ने साफ कर दिया है कि विद्यार्थियों की सुरक्षा से किसी प्रकार का समझौता नहीं होगा।
राजधानी में नामी सेंटरों पर बड़ी कार्रवाई
राजधानी लखनऊ में बुधवार को सबसे बड़ी कार्रवाई देखने को मिली। हजरतगंज स्थित एलन कोचिंग, ग्रेविटी, आकाश और मोशन कोचिंग संस्थानों की संयुक्त जांच फायर विभाग और लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने की। जांच में फायर सेफ्टी, भवन मानचित्र और आपातकालीन निकास से जुड़ी गंभीर खामियां मिलने पर कई संस्थानों को तत्काल सील कर दिया गया। मुख्य अग्निशमन अधिकारी अंकुश मित्तल के नेतृत्व में हुई कार्रवाई में पाया गया कि कुछ संस्थानों में न तो पर्याप्त अग्निशमन व्यवस्था थी और न ही स्वीकृत मानचित्र उपलब्ध थे। कई जगहों पर सुरक्षा उपकरण केवल कागजों तक सीमित मिले। इसके बाद प्रशासन ने तत्काल सीलिंग की कार्रवाई शुरू कर दी।
1000 से अधिक भवन स्वामियों को नोटिस
लखनऊ विकास प्राधिकरण भी एक्शन मोड में है। एलडीए ने रिहायशी क्षेत्रों में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने वाले एक हजार से अधिक भवन स्वामियों को नोटिस जारी किए हैं। सूत्रों के अनुसार करीब 1,500 इमारतों के खिलाफ पहले से ध्वस्तीकरण के आदेश लंबित हैं, जिन पर अब तेजी से कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। इन मामलों की रिपोर्ट विशेष जांच दल (एसआईटी) को भी सौंपी जाएगी।
"छात्रों की सुरक्षा सर्वोपरि है। जहां भी फायर सेफ्टी के नियमों में कमी पाई जाएगी, वहां सख्त कार्रवाई की जाएगी। एलन कोचिंग में मिली खामियों को देखते हुए तत्काल कदम उठाए गए हैं।"
– अंकुश मित्तल, मुख्य अग्निशमन अधिकारी
"प्रदेश में संचालित सभी कोचिंग संस्थानों का व्यापक सर्वे कराया जा रहा है। अपंजीकृत संस्थानों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी और सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।"
– योगेंद्र उपाध्याय, उच्च शिक्षा मंत्री, उत्तर प्रदेश
