UP Farmer Registry: यूपी में फार्मर रजिस्ट्री ने पकड़ी रफ्तार, गाजियाबाद-रामपुर ने 100% लक्ष्य किया पूरा, 2.38 करोड़ किसानों का हुआ पंजीकरण
90 दिन में पूरा होगा अभियान, 50 लाख किसानों का पंजीकरण अभी बाकी
लखनऊ, अमृत विचार। उत्तर प्रदेश में किसानों की डिजिटल पहचान तैयार करने के लिए चलाया जा रहा फार्मर रजिस्ट्री अभियान तेजी से आगे बढ़ रहा है। इस अभियान में गाजियाबाद और रामपुर प्रदेश के पहले ऐसे जिले बन गए हैं, जहां किसानों का पंजीकरण शत-प्रतिशत पूरा हो चुका है। वहीं पूरे प्रदेश में अब तक 2.38 करोड़ से अधिक किसानों की फार्मर रजिस्ट्री हो चुकी है, जो निर्धारित लक्ष्य का 82.69 प्रतिशत है।
राज्य सरकार के अनुसार, प्रदेश में 5 नवंबर 2024 से फार्मर रजिस्ट्री अभियान चलाया जा रहा है। केंद्र सरकार ने उत्तर प्रदेश के लिए 2.88 करोड़ किसानों के पंजीकरण का लक्ष्य तय किया है। अब तक 2,38,72,418 किसानों का पंजीकरण पूरा किया जा चुका है, जबकि करीब 50 लाख किसानों का पंजीकरण शेष है। सरकार ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि अगले 90 दिनों, यानी 26 सितंबर 2026 तक शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया जाए।
डिजिटल डाटाबेस से योजनाओं का मिलेगा सीधा लाभ
सरकार का कहना है कि फार्मर रजिस्ट्री के जरिए किसानों का एकीकृत डिजिटल डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। इससे वास्तविक किसानों की पहचान सुनिश्चित होगी और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, फसल बीमा, कृषि अनुदान, कृषि ऋण समेत अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचाया जा सकेगा।
भूमि अभिलेख भी हो रहे डिजिटल
फार्मर रजिस्ट्री के साथ-साथ प्रदेश में भूमि अभिलेखों को अधिक सटीक और त्रुटिरहित बनाने के लिए अंश निर्धारण का कार्य भी तेजी से चल रहा है। विभागीय आंकड़ों के मुताबिक यह कार्य 87.53 प्रतिशत पूरा हो चुका है। सरकार को उम्मीद है कि इससे भविष्य में भूमि विवादों में कमी आएगी और राजस्व अभिलेख अधिक पारदर्शी बनेंगे।
