इंग्लैंड के खिलाफ 76 रन पर ढही टीम इंडिया, जानें हार के बाद क्या बोले गौतम गंभीर

Amrit Vichar Network
Published By Muskan Dixit
On

इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी20 में भारत की करारी हार के बाद मुख्य कोच गौतम गंभीर ने गेम अवेयरनेस और युवा टीम को समय देने की बात कही। कप्तान श्रेयस अय्यर ने बल्लेबाजी को हार की सबसे बड़ी वजह बताया।

नॉटिंघम। इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम के महज 76 रन पर ऑलआउट होने और लगातार चौथी हार झेलने के बाद मुख्य कोच गौतम गंभीर ने कहा कि टीम को खेल की परिस्थितियों को बेहतर तरीके से समझने की जरूरत है। वहीं कप्तान श्रेयस अय्यर ने भी प्रदर्शन को निराशाजनक बताते हुए स्वीकार किया कि पावरप्ले में जल्दी विकेट गंवाना हार की सबसे बड़ी वजह बना।

'सिर्फ चार मैचों से टीम खराब नहीं हो जाती' : गौतम गंभीर

मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में गौतम गंभीर ने कहा कि केवल कुछ मुकाबलों के आधार पर किसी टीम को कमजोर नहीं कहा जा सकता।

उन्होंने कहा कि कई बार विपक्षी टीम बेहतर प्रदर्शन करती है और कई बार टीम परिस्थितियों का सही आकलन नहीं कर पाती। उनके मुताबिक, आयरलैंड सीरीज के बाद भारतीय टीम खेल की परिस्थितियों को उतनी अच्छी तरह नहीं पढ़ सकी है और इसी क्षेत्र में सुधार की जरूरत है।

तेज गेंदबाजी के खिलाफ बेहतर खेलना होगा

गंभीर ने माना कि टीम को तेज गेंदबाजी और अतिरिक्त उछाल का सामना करने में और बेहतर होना होगा। हालांकि उन्होंने इसे टीम की आक्रामक 'हाई-रिस्क, हाई-रिवॉर्ड' रणनीति का हिस्सा भी बताया।

उन्होंने कहा कि पिछले दो टी20 मुकाबलों में भारत ने 190 रन बनाए थे, लेकिन जब टीम आक्रामक क्रिकेट खेलती है तो कभी-कभी ऐसे नतीजे भी सामने आते हैं।

श्रेयस अय्यर बोले- ऐसा प्रदर्शन स्वीकार नहीं

भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने हार पर निराशा जताते हुए कहा कि यह बेहद खराब प्रदर्शन था और इतने बड़े अंतर से मिली हार स्वीकार्य नहीं है।

उन्होंने कहा कि टीम को पहले इस हार को स्वीकार करना होगा, फिर अपनी गलतियों का विश्लेषण कर नई शुरुआत करनी होगी। उनके अनुसार यह 200 रन वाली पिच नहीं थी, लेकिन पावरप्ले में शुरुआती पांच विकेट गिरने से मैच पूरी तरह हाथ से निकल गया।

युवा टीम को समय देने की जरूरत

गौतम गंभीर ने कहा कि मौजूदा भारतीय टी20 टीम में पिछले विश्व कप के मुकाबले कई बड़े बदलाव हुए हैं। कप्तान, सलामी बल्लेबाज और कई अनुभवी खिलाड़ियों की जगह नए खिलाड़ियों को मौका दिया गया है।

उन्होंने कहा कि हार्दिक पांड्या और जसप्रीत बुमराह जैसे खिलाड़ी टीम में नहीं हैं, जबकि कई युवा खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में शुरुआती दौर में हैं। ऐसे में टीम को स्थिर होने और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए समय देना जरूरी है।

'15 साल का खिलाड़ी कर रहा है ओपनिंग'

गंभीर ने कहा कि टीम में 15 वर्षीय युवा बल्लेबाज ओपनिंग कर रहा है, जबकि कुछ खिलाड़ी अभी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में नए हैं और कुछ चोट से वापसी कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि परिणाम महत्वपूर्ण हैं, लेकिन खिलाड़ियों के विकास के लिए धैर्य भी जरूरी है। इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम के खिलाफ युवा खिलाड़ियों को अनुभव मिलेगा, जो भविष्य में टीम के लिए फायदेमंद साबित होगा।

मिडिल ऑर्डर को निभानी होगी बड़ी जिम्मेदारी

भारतीय कोच ने कहा कि आक्रामक बल्लेबाजी के बीच मिडिल ऑर्डर के अनुभवी खिलाड़ियों को परिस्थिति के अनुसार बल्लेबाजी करनी होगी।

उन्होंने कहा कि टी20 क्रिकेट में मैदान का आकार, हवा की दिशा और मैच की स्थिति जैसी छोटी बातें भी बड़ा अंतर पैदा करती हैं। टीम को इन पहलुओं को बेहतर ढंग से समझना होगा ताकि भविष्य में ऐसी गलतियां दोहराई न जाएं।

यह भी पढ़ेंः IND vs ENG: जोफ्रा आर्चर के सामने फिर नहीं चला वैभव सूर्यवंशी का बल्ला, पावरप्ले में बिखरी टीम इंडिया

संबंधित समाचार