UP Vriksharopan Mahabhiyan 2026 : कृषि विभाग ने चार करोड़ पौधरोपण लक्ष्य किया पूरा, प्रदेशभर में चला महाअभियान

Amrit Vichar Network
Published By Deepak Mishra
On

लखनऊ, अमृत विचार। उत्तर प्रदेश सरकार के वृक्षारोपण महाअभियान-2026 के तहत कृषि विभाग ने प्रदेशभर में व्यापक स्तर पर पौधरोपण अभियान चलाते हुए चार करोड़ पौधरोपण का लक्ष्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया। अभियान के तहत 73,759 चयनित स्थलों पर चरणबद्ध तरीके से पौधे लगाए गए और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।

विश्व पर्यावरण दिवस से हुई थी अभियान की शुरुआत

कृषि विभाग के अनुसार अभियान का पहला चरण 5 जून (विश्व पर्यावरण दिवस) से शुरू हुआ था। इस दौरान कुल लक्ष्य का करीब 21 प्रतिशत यानी 84.13 लाख पौधों का रोपण किया गया। इसके बाद 12 जुलाई को प्रदेश के सभी जनपदों में एक साथ बृहद वृक्षारोपण अभियान चलाकर शेष लक्ष्य भी पूरा कर लिया गया।

हर जिले में तैनात किए गए नोडल अधिकारी

अभियान के सफल संचालन के लिए कृषि विभाग ने प्रत्येक जिले में नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की। इन अधिकारियों ने जिला प्रशासन और अन्य विभागों के साथ समन्वय बनाकर वृक्षारोपण कार्यक्रम को प्रभावी ढंग से संचालित कराया।

कृषि मंत्री समेत वरिष्ठ अधिकारियों ने किया पौधरोपण

कृषि मंत्री ने नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, कुमारगंज (अयोध्या) में पौधरोपण कर अभियान में भाग लिया। कृषि राज्य मंत्री बलदेव सिंह औलख ने हरदोई में विशेष सचिव ओ.पी. वर्मा के साथ पौधे लगाए। वहीं प्रमुख सचिव कृषि रविंद्र ने सहारनपुर में, कृषि निदेशक पंकज त्रिपाठी ने लखीमपुर खीरी में तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने-अपने निर्धारित जिलों में पौधरोपण कर अभियान का निरीक्षण किया।

30 लाख से अधिक लोगों की रही भागीदारी

कृषि विभाग के अनुसार अभियान में 30.22 लाख से अधिक लाभार्थियों ने हिस्सा लिया। इनमें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-Kisan) के लाभार्थी, किसान उत्पादक संगठन (FPO), कृषि सखियां तथा बड़ी संख्या में किसान शामिल रहे। पौधरोपण किसानों के खेतों, भूमि संरक्षण परियोजनाओं, खेत तालाबों, राजकीय कृषि प्रक्षेत्रों, कार्यालय परिसरों और बीज भंडारों में भी कराया गया। अभियान के प्रत्येक चरण का फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी के माध्यम से अभिलेखीकरण भी किया गया।

फलदार और छायादार पौधों को दी गई प्राथमिकता

अभियान के दौरान आम, अमरूद और जामुन जैसे फलदार पौधों के साथ-साथ सागौन, शीशम, नीम, महुआ, कंजी और गुलमोहर सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए। इनमें अधिकांश पौधे वन विभाग द्वारा उपलब्ध कराए गए थे।

पौधों के संरक्षण का भी लिया संकल्प

कृषि विभाग ने कहा कि अभियान का उद्देश्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि हरित आवरण बढ़ाना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनजागरूकता पैदा करना है। विभाग ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक पौधे लगाएं और उनके संरक्षण एवं संवर्धन में भी सक्रिय भूमिका निभाएं, ताकि लगाए गए पौधे भविष्य में बड़े वृक्ष बनकर पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में योगदान दे सकें।

संबंधित समाचार