Shahjahanpur News : शाहजहांपुर कलेक्ट्रेट में आत्मदाह करने पहुंचा पूरा परिवार! डीएम के सुरक्षा गार्डों ने कैसे रोका बड़ा हादसा
डीएम के सुरक्षा गार्डों की सक्रियता से टल गया एक बड़ा हादसा
क्रवार को मनोज अपनी पत्नी सुनीता, बेटी राधिका और पूनम के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे। मनोज सभी लोगों के ऊपर तिल डालकर आग लगाने की कोशिश की। गनीमत रही कि सुरक्षाकर्मियों की नजर पड़ी और उन्होंने तत्परता दिखाते हुए उन्हें बचा लिया।
अमृत विचार : शाहजहांपुर जिले के तिलहर के मौजमपुर निवासी मनोज, पत्नी सुनीता, बेटी राधिका और पूनम ने खुद पर डीजल डाल कर आत्मदाह का प्रयास किया, लेकिन उससे पहले ही डीएम के सुरक्षा गार्डों ने उन्हें दबोच लिया। इसके बाद सभी को डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह के सामने ले जाया गया।
डीएम को मनोज ने बताया कि उसके पिता फकीरे लाल का 2021 में निधन हो गया था, वह नगर पालिका से रिटायर हुए थे, लेकिन उनका कोई भी भुगतान अब तक नहीं किया गया, बताया कि भुगतान के लिए वह लगातार नगर पालिका जाते हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं होती है।
मनोज ने बताया कि उनका मकान जर्जर हो चुका है, आर्थिक स्थिति बहुत खराब है, वह सरकारी आवास के लिए भी दर दर भटक रहे हैं, लेकिन सुनवाई इसकी भी नहीं हो रही है। डीएम ने मनोज को आश्वासन दिया कि वह नगर पालिका में पिता के अटके भुगतान को जल्द कराएंगे। साथी सरकारी आवास भी दिलाएंगे। डीएम की बात से संतुष्ट होने के बाद मनोज, पत्नी सुनीता और दोनों बेटियों को पुलिस ले गई और सुरक्षा में उनके घर मौजमपुर भिजवा दिया।
डीएम ने दिया भरोसा
कलेक्ट्रेट में परिवार समेत आत्मदाह करने के प्रयास की खबर से हंगामा मच गया। डीएम ने पीड़ित परिवार से बातचीत की। उन्होंने भरोसा दिलया कि अतिशीघ्र उनका बकाया दिलाया जाएगा। इसके साथ ही हिदायत भी दी कि इस तरह की हरकत पर कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।
समाधान तलाशें, जान देना हल नहीं
आत्मदाह का प्रयास करने वाले परिवार को देखने के लिए भीड़ जमा हो गई। अधिकारियों के अलावा आम लोगों ने भी परिवार को समझाया कि समस्या का समाधान तलाश करें। जान देना किसी मसले का हल नहीं है।
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