बारिश का कहर: सीतापुर में कच्ची दीवार गिरी, पांच घायल; लखनऊ में बुजुर्ग की मलबे में दबकर मौत

Amrit Vichar Network
Edited By Muskan Dixit
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तीन दिन की बारिश के बीच धन्नाग गांव में दंपति और दो साल की बच्ची समेत पांच लोग घायल, माल में तड़के दीवार गिरने से 75 वर्षीय वृद्ध की गई जान

सीतापुर/लखनऊ, अमृत विचार। लगातार हो रही बारिश के बीच कच्चे और अधपक्के मकानों की दीवारें लोगों के लिए खतरा बन गई हैं। सीतापुर और लखनऊ में बारिश के दौरान कच्ची दीवारें ढहने की दो अलग-अलग घटनाओं में एक वृद्ध की मौत हो गई, जबकि दंपति और दो साल की मासूम समेत पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों घटनाओं में मलबे की चपेट में आने से लोग घायल हुए है।

सीतापुर में दंपति और दो साल की बच्ची समेत पांच घायल

शहर से सटे कोतवाली देहात क्षेत्र के धन्नाग गांव में तीन दिन से हो रही बारिश के बीच सुबह अचानक कच्ची दीवार भरभराकर ढह गई। हादसे के समय परिवार छत के नीचे सो रहा था। दीवार गिरने से दंपति और उनकी दो वर्षीय बेटी समेत पांच लोग मलबे में दब गए।

धरनाग गांव निवासी जयपाल (45) पुत्र कल्लू के मुताबिक, वह अपनी पत्नी राजरानी (42), दो वर्षीय बेटी ध्यानु और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ घर पर थे। इसी दौरान अचानक कच्ची दीवार गिर गई। मलबे में पांच लोग दब गए।

दीवार गिरने की आवाज और चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने राहत-बचाव करते हुए सभी पांच घायलों को मलबे से बाहर निकाला और जिला अस्पताल में भर्ती कराया।

कोतवाली देहात प्रभारी अमर सिंह के मुताबिक, दंपति और मासूम की हालत स्थिर है। वहीं सदर तहसील प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया है।

लखनऊ के माल में बुजुर्ग की मौत

इसी तरह लखनऊ के माल थाना क्षेत्र के देवरी गजा गांव में रविवार तड़के बारिश के दौरान कच्ची दीवार गिरने से चारपाई पर सो रहे 75 वर्षीय शिवराम की मलबे में दबकर मौत हो गई।

मधुराम के मुताबिक, उनके पिता शिवराम शनिवार रात खाना खाने के बाद घर से करीब डेढ़ मीटर दूर स्थित अधपक्के मकान में सोने चले गए थे। रविवार तड़के करीब चार बजे बारिश के बीच अचानक मकान की कच्ची दीवार भरभराकर गिर गई। इसके नीचे दबने से शिवराम गंभीर रूप से घायल हो गए।

सुबह पड़ोसी अजीत रावत और रंजीत रावत ने दीवार गिरी देखी और मलबे में वृद्ध के दबे होने की जानकारी उनके बेटे को दी। मधुराम मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों की मदद से मलबा हटाकर शिवराम को बाहर निकाला गया और सैदापुर स्थित एलबीएस निजी अस्पताल ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया।

इस संबंध में इंस्पेक्टर नवाब अहमद ने बताया कि उन्हें घटना की सूचना प्राप्त नहीं हुई है।

बारिश में कच्चे मकानों से बढ़ा खतरा

दोनों घटनाएं लगातार बारिश के दौरान कच्ची और कमजोर दीवारों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाती हैं। बारिश में मिट्टी और पुराने निर्माण की मजबूती प्रभावित होने से दीवार गिरने का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में जर्जर या कच्चे मकानों में रहने वाले परिवारों को सावधानी बरतने और दीवारों में दरार या कमजोरी नजर आने पर सुरक्षित स्थान पर जाने की जरूरत है।

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