काशीपुर: सीओ के नोटिस से अधिवक्ताओं में आक्रोश, कहा नोटिस का जवाब नोटिस से ही दिया जाएगा
काशीपुर, अमृत विचार। सीओ ने बार एसोसिएशन काशीपुर, जसपुर को नोटिस भेजकर अधिवक्ताओं पर विधिक फीस के अलावा पुलिस खर्चे के नाम पर रुपए वसूल करने का आरोप लगाया। सीओ ने विधिक फीस के अतिरिक्त पुलिस खर्चे के नाम पर अत्यधिक शुल्क न लेने तथा भविष्य में पुलिस अथवा विजिलेंस द्वारा कोई कार्रवाई करने पर …
काशीपुर, अमृत विचार। सीओ ने बार एसोसिएशन काशीपुर, जसपुर को नोटिस भेजकर अधिवक्ताओं पर विधिक फीस के अलावा पुलिस खर्चे के नाम पर रुपए वसूल करने का आरोप लगाया। सीओ ने विधिक फीस के अतिरिक्त पुलिस खर्चे के नाम पर अत्यधिक शुल्क न लेने तथा भविष्य में पुलिस अथवा विजिलेंस द्वारा कोई कार्रवाई करने पर वह स्वंय जिम्मेदार होगा। सीओ के नोटिस पर हुई कार्यकारिणी की बैठक में रोष जताया गया। कहा कि नोटिस को जबाव उन्हीं की भाषा में दिया जाएगा।
सीओ ने भेजे नोटिस में कहा कि पुलिस द्वारा एमवी एक्ट के तहत वाहनों के चालान, सीज वाहन तथा खनन समाग्री पत्रावलियों के निस्तारण के लिए अधिवक्ताओं द्वारा विधिक फीस के अतिरक्त चालानों को निपटाने के लिए पुलिस खर्चे के नाम पर अतिरिक्त फीस ली जा रही है। ऐसा मुख्यत: खनन के चालानों के संबंध में हो रहा है। इस संबंध में वाहन स्वामी व चालकों ने मौखिक शिकायतें की हैं। इसके अतिरिक्त अधिवक्तागणों द्वारा दहेज उत्पीड़न, मारपीट के अभियोगों की विवेचना के दौरान क्लाइंट से प्रतिवादीगणों के नाम हटाने के नाम पर भी पुलिस खर्चे के नाम पर काफी अधिक मात्रा में रुपए वसूले जा रहे हैं।
जिससे जनता में पुलिस की छवि धूमिल हो रही है। यह स्थिति अत्यंत आपत्ति जनक है। कहा कि बार एसोसिएशन अधिवक्तागणों को अवगत कराए कि क्लाइंट से विधिक फीस के अलावा पुलिस खर्चे के नाम पर अतिरिक्त शुल्क न लिया जाए। यदि भविष्य में स्थानीय पुलिस अथवा विजिलेंस कोई कार्रवाई करती है तो संबंधित स्वंय जिम्मेदार होगा। वहीं नोटिस से आक्रोषित अधिवक्ताओं ने कार्यकारिणी की बैठक में नोटिस पर आपत्ति जताई। कहा कि पुलिस अधिकारी द्वारा समस्त अधिवक्ता समाज पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। नोटिस का जबाव उन्हीं की भाषा में दिया जाएगा। बार एसोसिएशन सचिव संदीप सहगल ने बताया कि नोटिस का जबाव भेजा जा रहा है।
