अयोध्या: मदराही में कटान से 10 किसानों के 37 बीघा फसल नदी में समाई

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Edited By Amrit Vichar
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गांव के 30 घर व मदराही संपर्क मार्ग कटान के कगार पर

पूरा बाजार/अयोध्या, अमृत विचार। मांझा क्षेत्र के रामपुर पुआरी मांझा के मदराही में सरयू नदी की कटान तेज हो गई है। कटान से 10 किसानों की 37 बीघा फसल सरयू नदी में समा गई। सैकड़ों बीघा जमीन व मदराही गांव काटन की चपेट में है। कटान की चपेट में आए किसानों ने सिंचाई विभाग से लेकर तहसील प्रशासन तक को सूचित किया है लेकिन अभी तक कोई गांव में नहीं पहुंचा।

रामपुआरी मांझा के मजरे मदराही के हरिराम का 5 बीघा सरसों व मटर, बुधिराम का 5 बीघा गन्ना, रामचंद्र का 4 बीघा परवर, राजाराम 3 बीघा गेहूं, मुन्नू 3 बीघा गेहूं, राम नेवल 3 बीघा सरसों, राम केवल 5 बीघा सरसों, राम चरन 3 बीघा सरसों की फसल कटान से नदी में समाकर चौपट हो गई।

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इन कटान पीड़ितों ने बताया कि कटान की सूचना सिंचाई विभाग व लेखपाल को दिया गया है लेकिन अभी तक कोई गांव में दिखाई नहीं पड़ा। इन लोगों ने बताया कि फसल की कटान के बाद अब मदराही गांव के 80 घरों में से 30 घर कटान के कगार पर है। रामपुर पुवारी मांझा के प्रधान रमेश निषाद ने बताया कि इसी तरह अगर कटान जारी रहा तो मदराही गांव का अस्तित्व ही मिट जाएगा।

आरोप लगाया है कि लेखपाल कभी गांव में दिखाई नहीं देते तो उनको कटान की जानकारी कैसे होगी। बताया नई दुनिया गांव से मदराही संपर्क मार्ग कटान के कगार पर है। इस संबंध में रामपुर पुआरी माझा के लेखपाल देश दीपक ने बताया कि मदराही गांव अयोध्या व बस्ती के सीमा पर स्थित है। कटान की सूचना है। सूची तैयार की जा रही है। वहीं जिला पंचायत सदस्य राजमणि यादव ने तत्काल कटान रोकने का प्रबंध करने और कटान से पीड़ित लोगों को मुआवजा दिलाने की मांग की है।

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