Kanpur Waterlogging: जलभराव पर महापौर का बड़ा हमला, बोलीं- अधिकारियों की लापरवाही का खामियाजा जनता भुगत रही है
मार्च में नाला सफाई के टेंडर के दिए थे निर्देश, समय पर कार्रवाई न होने से कई नए इलाकों में हुआ जलभराव; जिम्मेदारों पर जांच और कार्रवाई के निर्देश
कानपुर, अमृत विचार। मोतीझील, नगर निगम मुख्यालय स्थित समिति कक्ष में सोमवार को महापौर प्रमिला पांडेय व नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय की संयुक्त अध्यक्षता में शहर में जलभराव से नागरिकों को हो रही परेशानी के संबंध में बैठक हुई, जिसमे महापौर ने कहा कि मार्च में टेंडर कराने के निर्देश दिए थे, ताकि जून तक नाला सफाई हो जाए, लेकिन अधिकारियों ने इसे गंभीरता नहीं लिया गया, जिसका खामियाजा जनता को झेलनी पड़ रही है। जनता की नाराजगी का सामना महापौर व पार्षदों को करना पड़ रहा है।
महापौर ने कहा कि वर्ष 2020 में रिवर साइड पावर हाउस में नाले के बीच में पिलर डाल दिया गया था, जिससे नाला अवरूद्ध हो गया था, तत्कालीन नगर आयुक्त अक्षय त्रिपाठी के साथ मिलकर नाले को खुलवाया था। लेकिन बार रिवर साइड के नाले का निरीक्षण व सफाई न होने से परमट व वीआईपी रोड में पानी भरा। परमट में कभी पानी नहीं भरता था, इस बार वहां पानी भर गया। सीसामऊ नाले की दीवार गिर गई, एफएम कॉलोनी में पानी भर गया। चमनगंज, बेकनगंज, चमड़ा मण्डी, म्योर मिल के अन्दर से होते हुए परमट तक नाला जाता है, इसे दिखवाना चाहिए था। इसपर मुख्य अभियंता सैय्यद फरीद अख्तर जैदी ने 10 निविदादाताओं को ब्लैक लिस्ट करने का हवाला देकर बचने का प्रयास किया। कहा कि 90 प्रतिशत नाला सफाई की निविदा अप्रैल में ही हो गयी थी। इस बार 10-12 प्वाइंट जल भराव वाले स्थल बढ़े है। लेनिन पार्क, परमट में पहली बार पानी भरा है। बिरहाना रोड में इस बार 2-3 स्थानों पर पाइप डाले गये है, जिससे जलभराव में 50 प्रतिशत की कमी आई है। सीसामऊ नाले की टैपिंग प्वाइंट, मकड़ी खेड़ा नाला का चैनल जल निगम के अन्तर्गत है, जल निगम द्वारा चैनल न खोलने पर वीआईपी रोड, परमट में जलभराव हुआ। जलभराव दो घंटा से ज्यादा नहीं रहा, क्योंकि पानी धीरे-2 निकलता है। तभीनगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने कहा कि जहां भी जलभराव हुआ है, उसमें जिसे निविदा दी गयी है, उसकी जांच कराकर सम्बन्धित के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
पाइप डाला गया, लेकिन सिल्ट नहीं साफ की गई
मुख्य अभियन्ता सैय्यद फरीद अख्तर जैदी ने कहा कि काकादेव मेट्रो स्टेशन व देवकी टॉकीज मेन होल के बीच नाले का पानी घूमता रहता था, मेट्रो द्वारा आरसीसी पाइप डाल दिया गया है। वहां पर 05 पम्प व डीजी जेनरेटर को लगाया गया है, ताकि जलभराव न हो। तभी पार्षद नीरज वाजपेयी ने कहा कि मेट्रो ने 96 मीटर पाइप डाला गया है । पाइपों में सिल्ट को हटाया जाना आवश्यक है, ताकि अवरोध न हो। काकादेव में स्वास्थ्य विभाग की नालियों को क्रंकीट सीमेन्ट से भर दिया गया है। सीपीएम मेट्रो अजर सरताज ने कहा कि पाइप लाइन का कार्य होनें में करीब चार दिन और लगेगा, सिल्ट सफाई का कार्य भी शुरू कर दिया जाएगा।
मेट्रो द्वारा बने चेंबर को भी नहीं खोला गया
पार्षद सौरभ देव ने कहा कि बृजेन्द्र स्वरूप पार्क, पालिका स्टेडियम होते हुए जा रही मेट्रो लाइन का पाइप से पूरा पानी बृजेन्द्र स्वरूप पार्क व कॉलोनी में भी पानी भर जाता है। वहां पर घुटनों तक पानी भर जाता है। मेट्रो द्वारा बनवाये गये चेम्बर को खोला तक नहीं गया है। सीपीएम मेट्रो अजर सरताज ने कहा कि बृजेन्द्र स्वरूप पार्क की समस्या को दिखवाकर निस्तारण कार्य करायेंगे। महापौर ने सभी पार्षदों को निर्देश दिया कि जिस किसी के वार्ड में जलभराव, नाला सफाई, मेट्रो आदि से सम्बन्धित समस्या है, उसकी वीडियों बनाकर व समस्या को लिखकर वाट्सअप पर भेजे, ताकि निस्तारण कार्य कराया जा सके।
बैठक में यह अधिकारी रहे शामिल
अपर नगर आयुक्त अनूप कुमार, अधिशाषी अभियन्ता, जोन-1 आलोक श्रीवास्तव, जोन-2, दिवाकर भास्कर, जोन3, आरके तिवारी, जोन-4 मीनाक्षी अग्रवाल, जोन-5 कमलेश पटेल, जोन-6 आरके सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अजय संख्वार, डॉ. अमित सिंह, जेडएसओ-1 अमित, जेडएसओ-2 सुशील गुप्ता, जोन-3 आशीष वाजपेई, जोन-4 मो. फहीम जोन-5 अवनीश यादव, जोन-6 विजय शुक्ला, रबिश इंचार्ज रफजुल रहमान, अधिशाषी अभियन्ता, जलकल जोन-1 राज कुमार सिंह, जोन-2 रामेन्द्र पाण्डेय, जोन-3 संजय सिंह यादव जोन-4 नन्द किशोर जोन-5 गंगा सागर जोन-6 सुशील कुमार, सहित मेट्रो के अधिकारी रहे।
यह भी पढ़ेंः Kanpur Waterlogging: महापौर प्रमिला पांडेय का बड़ा आरोप, 'समय रहते कार्रवाई होती तो शहर में नहीं होता इतना जलभराव'
